JewelleryIPO – अगले सप्ताह खुलेगा अद्वित ज्वेल्स का आईपीओ, ग्रे मार्केट में दिखे मजबूत संकेत
JewelleryIPO – आभूषण कारोबार से जुड़ी कंपनी अद्वित ज्वेल्स का प्रारंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) अगले सप्ताह निवेशकों के लिए खुलने जा रहा है। कंपनी का सार्वजनिक प्रस्ताव 23 जून से शुरू होगा और 25 जून तक निवेशक इसमें आवेदन कर सकेंगे। आईपीओ खुलने से पहले ही यह बाजार में चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि अनौपचारिक बाजार में इसके शेयरों को लेकर सकारात्मक रुझान देखने को मिल रहा है।

बाजार से जुड़े जानकारों के अनुसार, कंपनी के शेयरों को ग्रे मार्केट में अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। इससे संकेत मिल रहे हैं कि निवेशकों की रुचि इस सार्वजनिक पेशकश में मजबूत बनी हुई है। कंपनी का कुल आईपीओ आकार लगभग 165 करोड़ रुपये का है।
ग्रे मार्केट में दिखाई दे रही मजबूती
उपलब्ध बाजार संकेतों के मुताबिक, अद्वित ज्वेल्स ने अपने आईपीओ के लिए प्रति शेयर मूल्य 138 रुपये तय किया है। वहीं, ग्रे मार्केट में इसके शेयर इस मूल्य से काफी ऊपर कारोबार कर रहे हैं। मौजूदा प्रीमियम के आधार पर अनुमान लगाया जा रहा है कि सूचीबद्ध होने के समय शेयर निर्गम मूल्य से बेहतर स्तर पर शुरुआत कर सकते हैं।
हालांकि, बाजार विशेषज्ञ यह भी स्पष्ट करते हैं कि ग्रे मार्केट के संकेत केवल संभावित रुझान दर्शाते हैं और वास्तविक सूचीकरण मूल्य बाजार परिस्थितियों तथा निवेशकों की मांग पर निर्भर करेगा। कंपनी के शेयर 1 जुलाई को बीएसई और एनएसई पर सूचीबद्ध होने की संभावना है।
जयपुर से संचालित है कंपनी का कारोबार
अद्वित ज्वेल्स की स्थापना वर्ष 2019 में हुई थी और इसका मुख्यालय जयपुर में स्थित है। कंपनी पारंपरिक और आधुनिक डिजाइन वाली आभूषण श्रृंखलाओं के निर्माण एवं बिक्री से जुड़ी है। इसके उत्पादों में कुंदन, पोलकी, हीरे जड़े आभूषण तथा अन्य विशेष डिजाइन शामिल हैं।
कंपनी अपने उत्पादों का विपणन एक स्थापित ब्रांड नाम के तहत करती है। इसके पोर्टफोलियो में हार, अंगूठियां, कंगन, झुमके और ग्राहकों की मांग के अनुसार तैयार किए जाने वाले विशेष आभूषण शामिल हैं। सोने के विभिन्न कैरेट और रत्नों के संयोजन के साथ तैयार किए गए उत्पाद कंपनी की प्रमुख पहचान हैं।
कारोबार का बड़ा हिस्सा थोक बाजार से
कंपनी का प्रमुख व्यवसाय मॉडल थोक आपूर्ति पर आधारित है। यह देशभर के डीलरों, ज्वेलरी शोरूम और खुदरा विक्रेताओं को अपने उत्पाद उपलब्ध कराती है। इसके साथ ही कंपनी व्यक्तिगत ग्राहकों के लिए विशेष ऑर्डर पर आभूषण भी तैयार करती है।
वित्त वर्ष 2025 के दौरान कंपनी की आय का बड़ा हिस्सा थोक कारोबार से आया। वहीं खुदरा और विशेष ऑर्डर वाले ग्राहकों का योगदान भी कंपनी के राजस्व में महत्वपूर्ण रहा। यह मिश्रित व्यवसाय मॉडल कंपनी को विभिन्न ग्राहक वर्गों तक पहुंच बनाने में मदद करता है।
जुटाई गई राशि का होगा व्यावसायिक उपयोग
कंपनी ने बताया है कि आईपीओ से प्राप्त धनराशि का उपयोग मुख्य रूप से कारोबार विस्तार और वित्तीय दायित्वों को संतुलित करने में किया जाएगा। जुटाई गई राशि का एक बड़ा हिस्सा कार्यशील पूंजी की जरूरतों को पूरा करने में लगाया जाएगा, जिससे व्यवसाय संचालन को और मजबूती मिलेगी।
इसके अलावा कंपनी अपनी कुछ मौजूदा देनदारियों का भुगतान भी इसी राशि से करने की योजना बना रही है। इससे भविष्य में वित्तीय बोझ कम करने और नकदी प्रवाह को बेहतर बनाने में सहायता मिलने की उम्मीद है।
खुदरा निवेशकों के लिए निवेश सीमा तय
सार्वजनिक निर्गम में खुदरा निवेशकों के लिए आवेदन की न्यूनतम सीमा एक लॉट रखी गई है। एक लॉट में 100 शेयर शामिल हैं। वहीं निवेशक अधिकतम 14 लॉट तक आवेदन कर सकते हैं। आईपीओ के बाद कंपनी में प्रवर्तकों की हिस्सेदारी कम होगी, लेकिन नियंत्रण उनके पास ही बना रहेगा।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि निवेशकों को किसी भी सार्वजनिक निर्गम में निवेश से पहले कंपनी की वित्तीय स्थिति, व्यवसाय मॉडल और जोखिम कारकों का सावधानीपूर्वक अध्ययन करना चाहिए।