Insurance – बिहार में ईओ हत्याकांड की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से सामने आई हत्या की गंभीर तस्वीर
Insurance- बिहार के डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) विमल कुमार की हत्या मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद जांच ने नया मोड़ ले लिया है। मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ है कि मृतक के शरीर पर किसी कठोर और कुंद वस्तु से कई गंभीर वार किए गए थे। रिपोर्ट के अनुसार अत्यधिक रक्तस्राव और दम घुटने के कारण उनकी मौत हुई। इस बीच पुलिस ने मामले की जांच को और तेज करते हुए विशेष जांच दल (SIT) गठित कर दिया है।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कई अहम तथ्य
मगध रेंज के आईजी विकास वैभव ने मंगलवार को बताया कि मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट में हत्या के तरीके से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। रिपोर्ट के अनुसार विमल कुमार के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं और मौत का कारण एस्फिक्सिया तथा अत्यधिक रक्तस्राव से हुआ हेमरेजिक शॉक बताया गया है। पुलिस का कहना है कि अब वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जाएगी ताकि घटना से जुड़े प्रत्येक पहलू की निष्पक्ष पड़ताल हो सके।
एसआईटी करेगी हर पहलू की जांच
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच दल का गठन किया गया है। एसआईटी घटना की परिस्थितियों, उपलब्ध सबूतों और संभावित आरोपियों की भूमिका की विस्तृत जांच करेगी। आईजी ने कहा कि जांच के दौरान जिस किसी की भी संलिप्तता सामने आएगी, उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि एक अगस्त को सासाराम से पटना लौटते समय बारुण क्षेत्र में विमल कुमार की हत्या हुई थी।
श्रद्धांजलि सभा में उठी निष्पक्ष जांच की मांग
मंगलवार को दानापुर स्थित विमल कुमार के आवास पर बिहार नगर सेवा संघ के बैनर तले श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। इस दौरान नगर निकाय के कई अधिकारियों ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। सभा में मौजूद अधिकारियों ने मामले की जांच किसी सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में कराने की मांग उठाई। उनका कहना था कि यदि सरकारी अधिकारी ही सुरक्षित महसूस नहीं करेंगे तो विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन प्रभावित हो सकता है।
सभा में विभिन्न नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारियों के अलावा सामाजिक क्षेत्र से जुड़े कई लोग भी मौजूद रहे। वहीं सांसद पप्पू यादव भी मृतक के परिवार से मिलने पहुंचे और निष्पक्ष जांच की मांग दोहराई। उन्होंने चालक तथा उसके परिजनों के मोबाइल फोन की भी जांच कराए जाने की आवश्यकता बताई।
राजनीतिक बयानबाजी भी हुई तेज
इस मामले को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने प्रेस वार्ता कर राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि मामले के वास्तविक आरोपियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। तेजस्वी यादव ने संबंधित विधायक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने, पीड़ित परिवार और अधिकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी देने की मांग की।
उन्होंने यह भी कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी है ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके। फिलहाल पुलिस का कहना है कि जांच जारी है और सभी तथ्यों की निष्पक्ष तरीके से जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।