Metro – बिहार के चार शहरों की मेट्रो परियोजना अब भी डीपीआर का इंतजार
Metro – बिहार के मुजफ्फरपुर, गया, दरभंगा और भागलपुर में प्रस्तावित मेट्रो परियोजनाओं की प्रगति उम्मीद के अनुरूप आगे नहीं बढ़ सकी है। करीब दो वर्ष पहले रूट तय होने और सर्वे प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद अब तक विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम शुरू नहीं हुआ है। ऐसे में इन शहरों में मेट्रो सेवा शुरू करने की योजना फिलहाल धीमी पड़ती दिखाई दे रही है। नगर विकास एवं आवास विभाग की ओर से भी डीपीआर तैयार होने की समयसीमा को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।

सर्वे और फिजिबिलिटी रिपोर्ट पहले ही हो चुकी है तैयार
राज्य मंत्रिमंडल ने जून 2024 में चारों शहरों के लिए मेट्रो परियोजनाओं को सैद्धांतिक मंजूरी दी थी। इसके बाद सर्वे और फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार करने की जिम्मेदारी राइट्स (RITES) को सौंपी गई। एजेंसी ने विभिन्न जनप्रतिनिधियों, व्यापारिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों से सुझाव लेने के बाद 16 फरवरी 2025 को अपनी रिपोर्ट विभाग को सौंप दी। रिपोर्ट में प्रस्तावित रूट और अलाइनमेंट का भी विस्तृत विवरण शामिल किया गया है।
डीपीआर तैयार होने का इंतजार
राज्य सरकार ने पहले स्पष्ट किया था कि फिजिबिलिटी रिपोर्ट के आधार पर डीपीआर तैयार की जाएगी। परियोजना की अनुमानित लागत में केंद्र और राज्य सरकार 20-20 प्रतिशत योगदान देंगी, जबकि शेष 60 प्रतिशत राशि वित्तीय संस्थानों से जुटाने की योजना है। हालांकि अब तक डीपीआर निर्माण की प्रक्रिया शुरू नहीं होने से परियोजना की अगली कार्रवाई रुकी हुई है।
चारों शहरों के लिए दो-दो मेट्रो कॉरिडोर प्रस्तावित
सर्वे रिपोर्ट के अनुसार चारों शहरों में दो-दो मेट्रो कॉरिडोर प्रस्तावित किए गए हैं। इनमें गया का नेटवर्क सबसे बड़ा होगा, जिसकी लंबाई लगभग 36 किलोमीटर प्रस्तावित है। दरभंगा में सबसे छोटा 18.8 किलोमीटर का रूट तैयार किया गया है। वहीं भागलपुर के लिए करीब 24 किलोमीटर और मुजफ्फरपुर के लिए 21.25 किलोमीटर लंबे मेट्रो कॉरिडोर का प्रस्ताव रखा गया है।
रेलवे स्टेशनों के विकास पर जारी है काम
इधर, केंद्र सरकार की अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत बिहार के कई रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण जारी है। छोटे स्टेशनों पर निर्माण कार्य अपेक्षाकृत तेज गति से चल रहा है, जबकि पटना जंक्शन और दानापुर स्टेशन के पुनर्विकास में अभी समय लगने की संभावना है। पटना जंक्शन के मास्टर प्लान के तहत हार्डिंग पार्क क्षेत्र में सब-अर्बन स्टेशन का निर्माण शुरू हो चुका है, लेकिन फिलहाल वहां सीमित स्तर पर निर्माण कार्य दिखाई दे रहा है।
बख्तियारपुर स्टेशन का पुनर्विकास अंतिम चरण में
अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास तेजी से आगे बढ़ रहा है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार अधिकांश सिविल कार्य पूरे किए जा चुके हैं और परियोजना अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। यह स्टेशन उन 508 रेलवे स्टेशनों में शामिल है, जिनके आधुनिकीकरण की आधारशिला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अगस्त 2023 में रखी थी।