IPO – LEAP India का आईपीओ 6 अगस्त से खुलेगा, जानिए प्राइस बैंड और पूरी जानकारी
IPO – लॉजिस्टिक्स क्षेत्र की कंपनी LEAP India ने अपने आगामी Initial Public Offering के लिए प्राइस बैंड तय कर दिया है। कंपनी का आईपीओ 6 अगस्त से निवेशकों के लिए खुलने जा रहा है और इसमें आवेदन करने की अंतिम तारीख 11 अगस्त होगी। ग्रे मार्केट में भी इस इश्यू को लेकर शुरुआती सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं। ऐसे में निवेशक आवेदन से पहले प्राइस बैंड, लॉट साइज, फंड के उपयोग और कंपनी की वित्तीय स्थिति जैसी अहम जानकारियों पर नजर बनाए हुए हैं।

प्राइस बैंड और न्यूनतम निवेश की जानकारी
कंपनी ने प्रति शेयर 151 रुपये से 159 रुपये का प्राइस बैंड निर्धारित किया है। आईपीओ में एक लॉट 94 शेयरों का रखा गया है। ऊपरी प्राइस बैंड के आधार पर खुदरा निवेशकों को एक लॉट के लिए कम से कम 14,946 रुपये का निवेश करना होगा। यह मेनबोर्ड आईपीओ है, जिसका कुल आकार 2,480 करोड़ रुपये निर्धारित किया गया है।
फ्रेश इश्यू और ऑफर फॉर सेल का पूरा ब्योरा
इस सार्वजनिक निर्गम के तहत कंपनी 3.02 करोड़ नए शेयर जारी कर लगभग 480 करोड़ रुपये जुटाएगी। वहीं, ऑफर फॉर सेल के माध्यम से मौजूदा शेयरधारक 12.58 करोड़ शेयर बेचेंगे, जिससे करीब 2,000 करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य रखा गया है। इस तरह आईपीओ का बड़ा हिस्सा मौजूदा निवेशकों की हिस्सेदारी बिक्री से आएगा।
किन निवेशकों की होगी हिस्सेदारी में कमी
ऑफर फॉर सेल के तहत Vertical Holdings II और KIA EBT Scheme 3 अपने शेयर बेचेंगे। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, वैश्विक निवेश कंपनी KKR ने Vertical Holdings II के जरिए LEAP India में निवेश किया हुआ है और उसकी कंपनी में लगभग 73.78 प्रतिशत हिस्सेदारी है। वहीं, सूनू मैथ्यू के पास करीब 21.07 प्रतिशत हिस्सेदारी मौजूद है।
निवेशकों के लिए आरक्षण का अनुपात
आईपीओ में अलग-अलग श्रेणी के निवेशकों के लिए हिस्सेदारी भी तय की गई है। कुल इश्यू का 50 प्रतिशत हिस्सा Qualified Institutional Buyers (QIB) के लिए आरक्षित रहेगा। खुदरा निवेशकों के लिए कम से कम 35 प्रतिशत कोटा रखा गया है, जबकि Non-Institutional Investors (NII) के लिए 15 प्रतिशत हिस्सा निर्धारित किया गया है।
जुटाई गई राशि का कैसे होगा उपयोग
कंपनी ने अपने ड्राफ्ट दस्तावेजों में बताया है कि फ्रेश इश्यू से प्राप्त राशि का बड़ा हिस्सा कर्ज कम करने में लगाया जाएगा। करीब 360 करोड़ रुपये का उपयोग ऋण चुकाने के लिए किया जाएगा। शेष धनराशि का इस्तेमाल सामान्य कॉरपोरेट जरूरतों और कारोबार से जुड़े अन्य कार्यों के लिए किया जाएगा।
ग्रे मार्केट और वित्तीय प्रदर्शन पर नजर
ग्रे मार्केट में भी इस आईपीओ को शुरुआती समर्थन मिलता दिखाई दे रहा है। Investorgain की रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी के शेयर फिलहाल 8 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहे हैं। हालांकि, ग्रे मार्केट प्रीमियम किसी भी प्रकार से आधिकारिक संकेतक नहीं माना जाता और इसमें समय के साथ बदलाव संभव है।
वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो वित्त वर्ष 2026 में कंपनी ने 62.30 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 37.60 करोड़ रुपये था। इसी अवधि में कंपनी का कुल राजस्व 729.50 करोड़ रुपये रहा। लाभ और आय में दर्ज हुई यह बढ़ोतरी निवेशकों के लिए कंपनी की वित्तीय स्थिति का महत्वपूर्ण संकेत मानी जा रही है।