HealthTips – फ्रिज में रखे चावल और गर्मी में ठंडक के उपायों पर डॉक्टरों की सलाह
HealthTips – गर्मियों के मौसम में खाने-पीने की चीजों को सुरक्षित रखना और शरीर को अंदर से ठंडा बनाए रखना दोनों ही बड़ी जरूरत बन जाते हैं। खासकर घरों में अक्सर चावल ज्यादा बन जाते हैं, जिन्हें लोग बाद में खाने के लिए फ्रिज में रख देते हैं। वहीं तेज गर्मी और लू से राहत पाने के लिए लोग प्राकृतिक उपाय भी अपनाते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि सही तरीके से स्टोर किए गए चावल सुरक्षित हो सकते हैं, जबकि कुछ घरेलू उपाय शरीर को प्राकृतिक रूप से ठंडक पहुंचाने में मदद करते हैं।

फ्रिज में रखे चावल को लेकर क्या कहते हैं विशेषज्ञ
कई लोग बचे हुए चावल को दोबारा खाने से पहले असमंजस में रहते हैं। कैंसर सर्जन डॉ. जयेश शर्मा के अनुसार, पके हुए चावल को सही तरीके से रखा जाए तो उनका सेवन सुरक्षित माना जाता है। उन्होंने बताया कि चावल में प्राकृतिक रूप से बैसिलस सेरेस नाम का बैक्टीरिया पाया जा सकता है, जिसके बीजाणु पकाने के बाद भी जीवित रह सकते हैं। अगर पके चावल लंबे समय तक कमरे के तापमान पर रखे रहें तो इनमें बैक्टीरिया तेजी से बढ़ सकते हैं और फूड पॉइजनिंग का खतरा पैदा हो सकता है।
डॉक्टरों के मुताबिक, फ्रिज का कम तापमान बैक्टीरिया की वृद्धि को काफी हद तक धीमा कर देता है। हालांकि यह जरूरी है कि चावल को समय रहते ठंडा करके रेफ्रिजरेटर में रखा जाए। गलत तरीके से स्टोर किए गए चावल स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक साबित हो सकते हैं।
चावल स्टोर करने और दोबारा गर्म करने के जरूरी नियम
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि पके हुए चावल को दो घंटे से ज्यादा सामान्य तापमान पर न छोड़ें। खाना बनने के बाद उन्हें जल्दी ठंडा कर फ्रिज में रखना बेहतर माना जाता है। चावल को 4 डिग्री सेल्सियस से कम तापमान में स्टोर करने की सलाह दी जाती है ताकि बैक्टीरिया पनपने की संभावना कम रहे।
दोबारा इस्तेमाल करते समय चावल को अच्छी तरह गर्म करना जरूरी बताया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, चावल से भाप निकलने तक उन्हें गर्म किया जाना चाहिए। साथ ही एक बार से ज्यादा चावल को दोबारा गर्म करने से बचना चाहिए। जितनी मात्रा खानी हो, केवल उतने ही चावल बाहर निकालना सुरक्षित माना जाता है।
गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने के प्राकृतिक उपाय
तेज गर्मी के दौरान शरीर का तापमान संतुलित रखना भी बेहद जरूरी है। न्यूट्रिशन एक्सपर्ट रुजुता दिवेकर ने कुछ पारंपरिक घरेलू उपायों को फायदेमंद बताया है। उनका कहना है कि मिट्टी के घड़े के पानी में खस की जड़ डालकर पीना शरीर को प्राकृतिक ठंडक देता है। इससे पानी में हल्की मिठास और सुगंध भी आ जाती है, जिससे लोग ज्यादा पानी पी पाते हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक, खस की जड़ गर्मी के कारण होने वाली त्वचा संबंधी समस्याओं जैसे रैशेज और एक्ने में भी राहत पहुंचा सकती है। यही वजह है कि कई लोग गर्मियों में इसे घरेलू उपाय के तौर पर इस्तेमाल करते हैं।
मेहंदी और छाछ भी दे सकते हैं राहत
गर्मी से राहत पाने के लिए हाथों पर मेहंदी लगाने की सलाह भी दी गई है। आयुर्वेद और पारंपरिक घरेलू तरीकों में मेहंदी को शरीर को ठंडक देने वाला माना जाता है। माना जाता है कि हथेलियों पर मेहंदी लगाने से शरीर को ठंडा महसूस होता है और इसकी खुशबू मानसिक तनाव कम करने में भी मदद कर सकती है।
इसके अलावा छाछ को गर्मियों के लिए बेहद फायदेमंद पेय माना गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, छाछ शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट संतुलन बनाए रखने में मदद करती है। इसमें मौजूद विटामिन बी12, प्रोटीन और अन्य पोषक तत्व पाचन को बेहतर बनाने के साथ शरीर को अंदर से ठंडक पहुंचाते हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में खानपान और भोजन के स्टोरेज को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है, ताकि संक्रमण और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याओं से बचा जा सके।