Investigation – रांची आरएसएस कार्यालय हमले की जांच में दुबई कनेक्शन पर रहा फोकस
Investigation – रांची के निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) कार्यालय पर हुए पेट्रोल बम हमले की जांच अब नए चरण में पहुंच गई है। मामले की जांच संभाल रही एंटी टेररिस्ट स्क्वॉयड (एटीएस) ने मुख्य आरोपी अमन अंसारी के देश और विदेश में रहे संपर्कों की गहन पड़ताल शुरू कर दी है। जांच एजेंसी विशेष रूप से उसके दुबई प्रवास के दौरान बने रिश्तों और गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित कर रही है।

दुबई में बिताए समय की खंगाली जा रही जानकारी
जांच में अब तक सामने आया है कि अमन अंसारी रोजगार के लिए वर्किंग वीजा पर दुबई गया था। अधिकारियों के अनुसार, उसका वर्क परमिट समाप्त होने के बाद वह नवंबर 2025 में भारत लौट आया था। एटीएस यह जानने की कोशिश कर रही है कि विदेश में रहने के दौरान उसके संपर्क किन लोगों से बने और क्या उसी अवधि में वह किसी संदिग्ध नेटवर्क के प्रभाव में आया।
पाकिस्तानी हैंडलर से संपर्क की आशंका
जांच एजेंसी इस संभावना की भी जांच कर रही है कि दुबई में रहते हुए अमन अंसारी का संपर्क कथित पाकिस्तानी हैंडलर शाहबाज भट्टी से हुआ था या नहीं। इसके साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि क्या उसकी मुलाकात ऐसे अन्य कट्टरपंथी तत्वों से हुई थी, जिन्होंने उसे अपने प्रभाव में लेकर किसी साजिश का हिस्सा बनाया। एटीएस इन सभी पहलुओं को जोड़कर घटनाक्रम की पूरी तस्वीर तैयार करने में जुटी है।
विदेश में गतिविधियों का तैयार किया जा रहा ब्यौरा
अधिकारियों ने अमन अंसारी के दुबई में रोजगार, निवास और सामाजिक संपर्कों से जुड़ी जानकारी जुटाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि उसने वहां किन स्थानों पर काम किया, किन लोगों के साथ उसका नियमित संपर्क रहा और भारत लौटने के बाद उसकी गतिविधियों में क्या बदलाव आए। उसकी पूरी यात्रा और विदेश प्रवास से जुड़े रिकॉर्ड की भी समीक्षा की जा रही है।
पासपोर्ट रद्द कराने की तैयारी
सूत्रों के मुताबिक, एटीएस अब आरोपी के पासपोर्ट को निरस्त कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर सकती है। इसके लिए संबंधित विभागों के साथ आवश्यक पत्राचार किए जाने की तैयारी चल रही है। एजेंसी का मानना है कि इस कदम से जांच को आगे बढ़ाने और भविष्य में कानूनी प्रक्रिया को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
आरएसएस कार्यालय पहुंची एटीएस टीम
मामले में चुटिया थाना में दर्ज प्राथमिकी को अपने अधीन लेने के बाद एटीएस की टीम सोमवार को घटनास्थल पर पहुंची। जांच का नेतृत्व कर रहे डीएसपी संजय कुमार ने अधिकारियों के साथ आरएसएस कार्यालय का निरीक्षण किया और उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज की दोबारा जांच की। टीम ने घटनास्थल से जुड़े साक्ष्यों को भी नए सिरे से एकत्र करने का प्रयास किया।
17 जून की घटना में तीन आरोपी गिरफ्तार
गौरतलब है कि 17 जून की रात आरएसएस कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला किया गया था। पुलिस और जांच एजेंसियों की कार्रवाई के बाद इस मामले में अमन अंसारी, सैफ अंसारी और सायम सुजान को गिरफ्तार किया जा चुका है। फिलहाल एटीएस हमले के पीछे की पूरी साजिश, संभावित नेटवर्क और आरोपियों के संपर्कों की विस्तृत जांच कर रही है।