GanjaSmuggling – भुवनेश्वर से लाई जा रही 34.5 किलो गांजा खेप के साथ गिरफ्तार हुई महिला
GanjaSmuggling – ओडिशा से उत्तर भारत में मादक पदार्थ की तस्करी के एक मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया है। संयुक्त जांच अभियान के दौरान पकड़ी गई महिला के पास से करीब 34.5 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है। अधिकारियों के अनुसार, बरामद मादक पदार्थ की अंतरराज्यीय बाजार में अनुमानित कीमत 20 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है। मामले में पुलिस अब तस्करी से जुड़े पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।

संयुक्त चेकिंग के दौरान हुई गिरफ्तारी
पुलिस अधिकारियों ओ.एन. सिंह और एस.एन. पाटीदार के अनुसार, रेलवे स्टेशन पर चलाए जा रहे संयुक्त जांच अभियान के दौरान एक महिला प्लेटफॉर्म पर संदिग्ध परिस्थितियों में बैठी मिली। पूछताछ के दौरान उसके जवाब संतोषजनक नहीं लगे, जिसके बाद उसके सामान की तलाशी ली गई। जांच में तीन बैगों से कुल 34.5 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि यह खेप ओडिशा के भुवनेश्वर से दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा क्षेत्र में पहुंचाई जानी थी।
तस्करी के नेटवर्क की जांच शुरू
पूछताछ में पुलिस को जानकारी मिली कि मादक पदार्थ की आपूर्ति से जुड़ा एक संगठित गिरोह लोगों को मासिक भुगतान पर इस काम में शामिल करता है। जांच के दौरान यह भी पता चला कि कथित तौर पर कुछ लोगों को नियमित वेतन देकर अलग-अलग राज्यों में खेप पहुंचाने की जिम्मेदारी दी जाती है। पुलिस इस दावे की पुष्टि के लिए विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने का प्रयास कर रही है।
आरोपी महिला गाजियाबाद की निवासी
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार महिला की पहचान गाजियाबाद के लोनी क्षेत्र स्थित नसीब विहार निवासी के रूप में हुई है। उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर यह पता लगाया जा रहा है कि वह इस नेटवर्क से कब से जुड़ी थी और इससे पहले कितनी बार इस तरह की खेप पहुंचा चुकी है।
किशोरी मिलने पर Childline को सौंपी गई
कार्रवाई के दौरान महिला के साथ लगभग 14 वर्ष की एक किशोरी भी मौजूद मिली। पुलिस के अनुसार, महिला किशोरी के संबंध में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दे सकी। इसके बाद रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और Government Railway Police (GRP) ने निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए किशोरी को Childline के सुपुर्द कर दिया। अब उसकी पहचान और परिजनों का पता लगाने की प्रक्रिया जारी है।
अन्य राज्यों तक फैले नेटवर्क की तलाश
जांच एजेंसियों का मानना है कि यह मामला केवल एक खेप तक सीमित नहीं हो सकता। इसलिए पुलिस विभिन्न राज्यों की एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित कर तस्करी के पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।