Agra news: SN Stay House में हुई रात की गोलीबारी में युवक की मौत
Agra news: आगरा में जलेसर मार्ग स्थित SN Stay House में शुक्रवार की रात एक खतरनाक गैंगवार की घटना हुई। इसमें रंगबाज राज चौहान की गोली मारकर हत्या कर दी गई। शुरुआती जांच में पुलिस ने बताया कि कमरे में चल रही दारू पार्टी के दौरान विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। जान बचाने के लिए राज चौहान गैलरी की तरफ भागा था, लेकिन हमलावरों ने उसे वहीं मौत के घाट उतार दिया।

घटना की समय-सारणी
घटना रात करीब साढ़े दस बजे हुई। पुलिस को फायरिंग की सूचना मिलने के बाद डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। गैलरी में पहुंचे तो उन्होंने एक युवक का शव पाया। आसपास कई खाली खोखे भी बिखरे हुए थे। मृतक की पहचान गांव बेदई, सादाबाद (हाथरस) निवासी राज चौहान के रूप में हुई।
पहले का विवाद और गैंगवार का संबंध
राज चौहान का नाम आते ही पुलिस को याद आया कि वह पहले जानलेवा हमले के मुकदमे में जमानत पर था। दिसंबर में वह जिला जेल से हाईवे पर निकाले गए जुलूस में शामिल था। उसके भाई हर्ष चौहान ने सोशल मीडिया पर संदेश वायरल करके लोगों को इकट्ठा किया था। उस समय सैकड़ों लोग बाइक और कारों से जुलूस में शामिल हुए थे। न्यू आगरा थाने में राज और अन्य 15 युवकों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ था।
हत्या की प्रारंभिक जांच
पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि SN Stay House के कमरे में दारू पार्टी चल रही थी। कौन-कौन शामिल थे, इसकी जांच पुलिस कर रही है। विवाद के बाद फायरिंग शुरू हुई। राज चौहान जान बचाने के लिए गैलरी की तरफ भागा, लेकिन हमलावरों ने उसे वहीं मार दिया।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और मृतक के परिचितों से पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच में पुलिस यही मान रही है कि हत्या गैंगवार के चलते हुई है। जेल से रिहा होने के बाद राज चौहान की रंगबाजी बढ़ गई थी। वह किसी भी मामले में अपनी दखल देने से पीछे नहीं हटता था।
ट्रांसयमुना में निवास और आरोपी संख्या
पुलिस ने छानबीन के दौरान पता लगाया कि राज चौहान ट्रांसयमुना इलाके में किराए पर रहता था। घटना में कम से कम छह युवक शामिल बताए जा रहे हैं। वारदात के बाद लोगों ने उन्हें हथियार लेकर भागते देखा। पुलिस फिलहाल यह पता लगा रही है कि वे कौन हैं और किसके इशारे पर हमला किया गया।
यह घटना आगरा में बढ़ती गैंग हिंसा की गंभीर चेतावनी है। पुलिस की सक्रियता के बावजूद, ऐसे मामले शहर में भय का माहौल पैदा करते हैं।



