PowerTheft – बांदा में जांच करने पहुंची बिजली विभाग की टीम पर हमला, तीन हिरासत में…
PowerTheft – उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में बिजली चोरी की जांच और बकाया जुर्माने की कार्रवाई के दौरान बिजली विभाग की टीम पर हमले का मामला सामने आया है। अतर्रा थाना क्षेत्र के बरेहंडा गांव में जांच के लिए पहुंचे अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ कथित रूप से मारपीट की गई। आरोप है कि टीम के सदस्यों को एक मकान के भीतर बंद कर दिया गया और उन्हें धमकाया गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकाला। मामले में पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर तीन आरोपियों को हिरासत में लिया है।

पुराने बिजली चोरी के मामले की जांच के लिए पहुंची थी टीम
पुलिस और बिजली विभाग के अधिकारियों के अनुसार, गांव निवासी राजेश कुमार कुशवाहा के चक्की प्रतिष्ठान पर पिछले वर्ष बिजली चोरी का मामला दर्ज हुआ था। जांच के बाद विभाग की ओर से करीब दो लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था। संबंधित उपभोक्ता ने इस कार्रवाई को चुनौती देते हुए शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद विभागीय अधिकारियों ने मामले की दोबारा जांच और जुर्माने की समीक्षा के लिए एक विशेष टीम गठित की।
जांच के दौरान विवाद ने लिया हिंसक रूप
अधिकारियों के मुताबिक, पांच सदस्यीय टीम जब जांच के लिए मौके पर पहुंची तो वहां मौजूद कुछ लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर टीम के तीन जूनियर इंजीनियर और दो कर्मचारियों के साथ मारपीट की गई। शिकायत में यह भी कहा गया है कि कर्मचारियों को कुछ समय तक मकान के भीतर बंद रखा गया। विभाग का आरोप है कि इस दौरान गैस सिलेंडर खोलकर उन्हें डराने और नुकसान पहुंचाने का भी प्रयास किया गया। इन आरोपों की जांच पुलिस कर रही है।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कराया सुरक्षित बाहर
बिजली विभाग के अधिकारियों ने बताया कि टीम के एक सदस्य ने किसी तरह बाहर निकलकर यूपी-112 को सूचना दी। शुरुआती पुलिस बल के पहुंचने के बावजूद गेट नहीं खोला गया। बाद में अतर्रा थाने से अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा, जिसके बाद कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। विभाग का कहना है कि पूरी घटना करीब 40 मिनट तक चली, जिसके दौरान टीम मौके पर फंसी रही।
पांच नामजद, तीन लोगों को लिया गया हिरासत में
अतर्रा थाना पुलिस के अनुसार, जूनियर इंजीनियर की शिकायत के आधार पर राजेश कुमार कुशवाहा, उनके परिजनों समेत पांच लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है, जबकि अन्य की तलाश जारी है। अधिकारियों का कहना है कि घटना से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने कार्रवाई जारी रखने की कही बात
विद्युत वितरण खंड अतर्रा के अधिकारियों ने बताया कि संबंधित उपभोक्ता के खिलाफ पहले से बिजली चोरी का मामला दर्ज है और विभागीय प्रक्रिया के तहत जांच की जा रही थी। विभाग का कहना है कि सरकारी कर्मचारियों के साथ कथित दुर्व्यवहार और सरकारी कार्य में बाधा डालने के मामले को गंभीरता से लिया गया है। वहीं पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी सरकारी कार्रवाई के दौरान कानून का पालन करें और विवाद होने पर कानूनी माध्यम से अपनी बात रखें।