ViralVideo – बदायूं में कार से कुत्ते को घसीटने और अस्पताल परिसर की घटना से उठे सवाल
ViralVideo – बदायूं जिले से सामने आए दो अलग-अलग मामलों ने प्रशासनिक व्यवस्था और संवेदनशीलता दोनों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पहला मामला पशु क्रूरता से जुड़ा है, जिसमें एक तेज रफ्तार कार के पीछे कुत्ते को रस्सी से बांधकर घसीटने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है। वहीं दूसरा मामला जिला अस्पताल परिसर का है, जहां एक व्यक्ति द्वारा कार्यालय के बाहर नमाज अदा करने का वीडियो सामने आया है। दोनों घटनाओं ने स्थानीय स्तर पर चर्चा को तेज कर दिया है, हालांकि संबंधित वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

वायरल वीडियो में दिखी पशु क्रूरता की आशंका
सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में एक कार के पीछे एक कुत्ते को बांधकर घसीटते हुए देखा जा रहा है। कार पर स्वास्थ्य विभाग का बोर्ड लगा नजर आ रहा है, जिससे यह मामला और गंभीर हो गया है। वीडियो को देखने वाले कई लोगों ने आशंका जताई है कि कुत्ते की मौत हो चुकी थी और उसे इस तरह ले जाया जा रहा था। हालांकि इस बात की पुष्टि अभी तक किसी आधिकारिक स्तर पर नहीं की गई है। घटना ने पशु प्रेमियों और आम नागरिकों के बीच नाराजगी पैदा कर दी है।
स्वास्थ्य विभाग की गाड़ी होने की बात आई सामने
जिला क्षय रोग विभाग के अधिकारियों ने स्वीकार किया है कि वीडियो में दिखाई दे रही गाड़ी उनके विभाग में किराये पर चल रही है। विभाग के अनुसार यह वाहन तय समय के लिए ही उनके पास रहता है और उसके बाद चालक उसे वापस ले जाता है। ऐसे में घटना किस समय और किन परिस्थितियों में हुई, यह जांच का विषय बना हुआ है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पूरे मामले की जानकारी जुटाई जा रही है।
चालक और वाहन की पहचान को लेकर जांच जारी
बताया जा रहा है कि वाहन चालक ने खुद को इस घटना से अलग बताया है। कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि गाड़ी को कोई अन्य व्यक्ति अपने गांव ले गया था, जहां यह घटना हुई। पुलिस का कहना है कि वाहन के वास्तविक उपयोग और चालक की भूमिका को लेकर जांच की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, तथ्य सामने आने के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जिला अस्पताल परिसर में नमाज का वीडियो भी वायरल
इसी बीच बदायूं जिला अस्पताल से एक और वीडियो सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति को सीएमएस कार्यालय के बाहर नमाज अदा करते देखा जा सकता है। यह घटना दिनदहाड़े की बताई जा रही है, जब अस्पताल में लोगों की आवाजाही सामान्य रूप से जारी थी। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
तीमारदार होने की बात, पहचान अभी स्पष्ट नहीं
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार नमाज अदा करने वाला व्यक्ति अस्पताल का कर्मचारी नहीं बल्कि किसी मरीज के साथ आया तीमारदार बताया जा रहा है। हालांकि उसकी पहचान को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। इस घटना ने सार्वजनिक स्थानों पर नियमों के पालन और निगरानी व्यवस्था पर चर्चा छेड़ दी है।
प्रशासन ने शुरू की जांच, जिम्मेदारी तय होगी
दोनों मामलों को लेकर स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो की सत्यता की जांच की जा रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने यह भी संकेत दिया है कि किसी भी तरह की लापरवाही या नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लिया जाएगा।