LawAndOrder – नगरासू गुरुद्वारे में चौथे दिन भी बना रहा तनाव
LawAndOrder – रुद्रप्रयाग जिले के नगरासू गुरुद्वारे में जारी विवाद चौथे दिन भी शांत नहीं हो सका। कर्णप्रयाग में हुई तलवारबाजी की घटना के बाद अपने साथियों की गिरफ्तारी से नाराज निहंगों ने 20 जून से गुरुद्वारे परिसर पर कब्जा बनाए रखा है। वे अपनी मांगों को लेकर अड़े हुए हैं, जबकि प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है। सोमवार को गुरुद्वारे में एक बार फिर तनावपूर्ण घटनाक्रम देखने को मिला, जिसके बाद सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई।

भोजन लेने के दौरान बढ़ा विवाद
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, गुरुद्वारे की छत पर मौजूद दो निहंग भोजन लेने के उद्देश्य से हथियारों के साथ नीचे परिसर में पहुंचे। बताया गया कि उनमें से एक भोजन लेकर वापस जाने की कोशिश कर रहा था, जबकि दूसरा आसपास सुरक्षा घेरा बनाए रखने के लिए तलवार लहरा रहा था। इसी दौरान पुलिस ने कार्रवाई करते हुए भोजन लेकर जा रहे एक निहंग को हिरासत में ले लिया। हालांकि दूसरा व्यक्ति मौके से निकलने में सफल रहा।
हिरासत के बाद छत से फेंके गए पत्थर
एक निहंग की गिरफ्तारी के बाद छत पर मौजूद अन्य लोगों ने नाराजगी जताई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गुरुद्वारे की छत से ईंट और पत्थर फेंके गए, जिससे कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। राहत की बात यह रही कि इस दौरान किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली। पूरे क्षेत्र में पुलिस और आईटीबीपी के जवान तैनात हैं और हालात पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
सुरक्षा बलों को दी गई चेतावनी
जानकारी के मुताबिक, अभी भी चार निहंग गुरुद्वारे की छत पर मौजूद हैं। उन्होंने सुरक्षा बलों को चेतावनी दी है कि यदि कोई छत पर पहुंचने का प्रयास करेगा तो उसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। प्रशासन फिलहाल संयम बरतते हुए स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहा है।
श्रद्धालुओं की आवाजाही पर पड़ा असर
गुरुद्वारे में जारी घटनाक्रम का असर आसपास के क्षेत्र पर भी दिखाई दे रहा है। नगरासू बाजार में पिछले कुछ दिनों से सिख श्रद्धालुओं की संख्या में कमी दर्ज की गई है। सामान्य दिनों में बड़ी संख्या में लोग गुरुद्वारे में लंगर ग्रहण करने और दर्शन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन मौजूदा परिस्थितियों के चलते आवाजाही प्रभावित हुई है। सोमवार को भी श्रद्धालुओं की उपस्थिति बेहद कम रही।
मुख्यमंत्री ने निष्पक्ष कार्रवाई का दिया भरोसा
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि कानून के अनुसार बिना किसी भेदभाव के कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह भी दोहराया कि उत्तराखंड सभी धर्मों का सम्मान करने वाली भूमि है और सामाजिक सौहार्द बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है।
कर्णप्रयाग विवाद की जांच हरिद्वार स्थानांतरित
16 जून को कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों और सिख श्रद्धालुओं के बीच हुए विवाद के संबंध में दोनों पक्षों की ओर से मुकदमे दर्ज किए गए थे। बाद में सिख समुदाय के प्रतिनिधियों ने पुलिस महानिदेशक से मुलाकात की। इसके बाद मामले की जांच चमोली से हरिद्वार स्थानांतरित कर दी गई। अब यह जांच हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर की निगरानी में आगे बढ़ेगी।
शासन ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट
नगरासू गुरुद्वारा प्रकरण को लेकर राज्य शासन ने भी गंभीरता दिखाई है। गृह विभाग ने पुलिस मुख्यालय से पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। गृह सचिव शैलेश बगोली ने बताया कि घटनाक्रम की शुरुआत से लेकर अब तक की सभी परिस्थितियों और तथ्यों को रिपोर्ट में शामिल करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि मामले की समग्र समीक्षा की जा सके।