RationCard – उत्तराखंड में राशन कार्ड आय सीमा बढ़ाने की तैयारी…
RationCard – उत्तराखंड में राशन कार्ड बनवाने की प्रतीक्षा कर रहे हजारों परिवारों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य सरकार राशन कार्ड के लिए निर्धारित आय सीमा की समीक्षा करने जा रही है, जिससे अधिक लोगों को सरकारी खाद्य योजनाओं का लाभ मिल सके। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने इस संबंध में अधिकारियों के साथ बैठक कर आय मानकों की पुनर्समीक्षा के लिए एक समिति गठित करने का निर्णय लिया है।

सरकार का मानना है कि वर्तमान आय मानक काफी पुराने हो चुके हैं और बदलती आर्थिक परिस्थितियों के अनुरूप उनमें संशोधन की आवश्यकता है। इसी वजह से कई ऐसे परिवार भी राशन कार्ड से वंचित रह जाते हैं जिन्हें वास्तव में इसकी जरूरत है।
आय मानकों की होगी व्यापक समीक्षा
खाद्य विभाग की बैठक के दौरान मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि राशन कार्ड पात्रता से जुड़े आय संबंधी नियम लंबे समय से लागू हैं और वर्तमान परिस्थितियों के अनुरूप उनका पुनर्मूल्यांकन जरूरी है। समिति विभिन्न श्रेणियों के राशन कार्डों के लिए तय आय सीमा का अध्ययन करेगी और आवश्यक सुझाव सरकार को सौंपेगी।
सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पात्र परिवारों को योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सके और किसी जरूरतमंद को केवल पुरानी आय सीमा के कारण बाहर न रहना पड़े।
राशन विक्रेताओं के लंबित भुगतान पर निर्णय
बैठक में राशन विक्रेताओं से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा की गई। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राशन डीलरों का लंबित लाभांश भुगतान जल्द पूरा किया जाए। उन्होंने बताया कि कई महीनों से बकाया राशि के भुगतान की प्रक्रिया एक सप्ताह के भीतर पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है।
इसके साथ ही सार्वजनिक वितरण प्रणाली को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए राज्यभर में राशन वितरण व्यवस्था को निर्धारित समयसीमा तक पूरी तरह ऑनलाइन करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
राशन डीलरों के लिए बीमा सुविधा की योजना
सरकार राशन विक्रेताओं के लिए सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर भी विचार कर रही है। इसी दिशा में खाद्य आयुक्त की अध्यक्षता में एक समिति गठित करने के निर्देश दिए गए हैं, जो राशन डीलरों के लिए बीमा सुविधा उपलब्ध कराने के विकल्पों पर काम करेगी।
इस पहल का उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली से जुड़े लोगों को सुरक्षा कवच प्रदान करना और उनके हितों की रक्षा करना है।
अनियमितताओं पर होगी सख्त कार्रवाई
बैठक के दौरान ऐसे मामलों पर भी चिंता व्यक्त की गई जिनमें किसी लाभार्थी की मृत्यु के बाद भी उसके नाम पर राशन उठाए जाने की शिकायतें सामने आई हैं। मंत्री ने अधिकारियों को ऐसे मामलों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि गलत तरीके से सरकारी लाभ लेने वालों से राशि की वसूली के साथ आवश्यक दंडात्मक कार्रवाई भी की जाएगी ताकि व्यवस्था की पारदर्शिता बनी रहे।
वर्तमान में क्या हैं पात्रता मानक
राज्य में अंत्योदय राशन कार्ड के लिए वर्तमान मासिक आय सीमा चार हजार रुपये निर्धारित है। इस श्रेणी में लगभग 1.84 लाख कार्डधारक शामिल हैं। वहीं राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत प्राथमिक परिवारों के लिए अधिकतम मासिक आय 15 हजार रुपये तय है और इस श्रेणी में 12 लाख से अधिक राशन कार्ड सक्रिय हैं।
राज्य खाद्य योजना के अंतर्गत आने वाले राशन कार्डों के लिए वार्षिक आय सीमा पांच लाख रुपये तक निर्धारित है। इस श्रेणी में करीब 9.50 लाख परिवार शामिल हैं। नई समिति इन सभी श्रेणियों की आय सीमा बढ़ाने की संभावनाओं का अध्ययन करेगी।
चारधाम यात्रा को देखते हुए विशेष तैयारी
सरकार ने चारधाम यात्रा के दौरान खाद्यान्न आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने के लिए भी आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। जिला स्तर के अधिकारियों को आगामी महीनों की जरूरत को ध्यान में रखते हुए राशन सामग्री समय पर दुकानों तक पहुंचाने के लिए कहा गया है।
साथ ही अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में घरेलू और व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है और किसी प्रकार की कमी की सूचना नहीं मिली है।