LandRights – खासमहाल भूमि पर मालिकाना हक देने की तैयारी में बिहार सरकार
LandRights – बिहार सरकार ने खासमहाल भूमि पर लंबे समय से रह रहे लोगों को राहत देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल के संकेत दिए हैं। राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने बताया कि सरकार ऐसे परिवारों को मालिकाना हक देने की संभावनाओं पर विचार कर रही है। इसके लिए अगस्त के बाद संबंधित पक्षों के साथ चर्चा, न्यायिक फैसलों की समीक्षा और नीति संबंधी पहलुओं पर विचार करने के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा।

वर्षों से रह रहे लोगों को मिल सकती है राहत
मंत्री ने कहा कि सासाराम, पूर्णिया, कटिहार सहित कई जिलों में ऐसे परिवार हैं जो 60 से 70 वर्षों से खासमहाल भूमि पर रह रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें स्वामित्व का अधिकार नहीं मिल पाया है। सरकार इस समस्या का व्यावहारिक समाधान तलाशने के लिए लोगों से संवाद करेगी। इसके बाद बाजार मूल्य के आधार पर निर्धारित शुल्क लेकर भूमि को फ्रीहोल्ड करने की प्रक्रिया पर निर्णय लिया जा सकता है।
बहुमंजिला आवासीय परियोजनाओं पर भी विचार
राजस्व मंत्री ने बताया कि सरकार खासमहाल भूमि के बेहतर उपयोग को लेकर भी विकल्पों पर विचार कर रही है। इसके तहत कुछ स्थानों पर बहुमंजिला इमारतों के निर्माण की संभावना भी देखी जा रही है। उनका कहना है कि इससे भूमि का सुनियोजित उपयोग होगा और शहरी विकास की जरूरतों को पूरा करने में मदद मिल सकती है।
विकास योजनाओं के लिए उपलब्ध कराई गई भूमि
विभाग के अनुसार चालू वित्तीय वर्ष में केंद्र और राज्य सरकार की 28 विकास परियोजनाओं के लिए 1380.59 एकड़ सरकारी भूमि उपलब्ध कराई गई है। इसके अलावा विभिन्न जनहित परियोजनाओं के लिए 45,748 एकड़ भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है। मंत्री ने कहा कि प्रभावित किसानों को नियमानुसार मुआवजा देने की प्रक्रिया में तेजी लाई जा रही है।
लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई
राजस्व विभाग ने कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जानकारी दी। मंत्री के अनुसार 144 अधिकारियों के विरुद्ध आरोप पत्र प्राप्त हुए हैं, जबकि 124 अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। वर्ष 2025 में 166 और वर्ष 2026 में अब तक 66 अधिकारियों के खिलाफ विभागीय दंड निर्धारित किया जा चुका है।
सर्वे और भूमिहीनों के लिए अभियान जारी
सरकार का लक्ष्य अगले दो से तीन वर्षों में भूमि सर्वे का कार्य पूरा करने का है। अरवल, जहानाबाद, लखीसराय, शिवहर और शेखपुरा जिलों में 15 अगस्त तक सर्वे पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके साथ ही अभियान बसेरा-दो के तहत 15 अगस्त को 30 हजार भूमिहीन परिवारों को तीन-तीन डिसमिल जमीन उपलब्ध कराने की योजना है। जिन लाभार्थियों को पहले भूमि आवंटित हो चुकी है लेकिन कब्जा नहीं मिल पाया, उनके लिए अभियान बसेरा-तीन चलाने की तैयारी की जा रही है।
विभाग में होगी नई भर्ती
राजस्व विभाग में कर्मचारियों की कमी दूर करने के लिए बड़े पैमाने पर भर्ती प्रक्रिया भी प्रस्तावित है। मंत्री ने बताया कि 8054 राजस्व कर्मचारियों की नियुक्ति का प्रस्ताव कर्मचारी चयन आयोग को भेजा गया है। इसके अलावा 765 अमीन पदों पर भर्ती के लिए सामान्य प्रशासन विभाग को प्रस्ताव भेजा गया है। ग्राम कचहरियों और हल्का कार्यालयों में कार्य व्यवस्था मजबूत करने के लिए डाटा एंट्री ऑपरेटर की नियुक्ति की तैयारी भी की जा रही है।