AirShow – वाराणसी में तेज हुई गंगा किनारे तीन दिवसीय एयर शो की तैयारियां
AirShow – भारतीय वायुसेना के स्थापना दिवस के अवसर पर वाराणसी में अक्टूबर में आयोजित होने वाले तीन दिवसीय एयर शो की तैयारियां शुरू हो गई हैं। आयोजन 22, 23 और 25 अक्टूबर को नमो घाट से अस्सी घाट के बीच गंगा के ऊपर होगा। कार्यक्रम के अंतिम दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शामिल होने की संभावना जताई गई है। सुरक्षा और आयोजन की व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन तथा वायुसेना के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है।

वायुसेना और प्रशासन ने बनाई विस्तृत योजना
आयोजन को सफल बनाने के लिए प्रयागराज स्थित भारतीय वायुसेना के अधिकारियों ने जिला प्रशासन, विभिन्न विभागों और संबंधित एजेंसियों के साथ बैठक की। बैठक में सुरक्षा, यातायात, भीड़ प्रबंधन और तकनीकी व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों के अनुसार, एयर शो में 100 से अधिक विमान और हेलीकॉप्टर हिस्सा ले सकते हैं। इनमें आधुनिक लड़ाकू विमान के साथ कुछ ऐतिहासिक सैन्य विमान भी शामिल किए जाने पर विचार किया जा रहा है।
गंगा के ऊपर दिखेंगे हवाई करतब
एयर शो के दौरान नमो घाट से अस्सी घाट तक गंगा के ऊपर हवाई प्रदर्शन होगा। प्रतिदिन दोपहर 12 बजे से 2 बजे के बीच लगभग डेढ़ घंटे तक विमान अपने कौशल का प्रदर्शन करेंगे। एक समय में तीन से पांच एयरक्राफ्ट आसमान में उड़ान भरते हुए विभिन्न हवाई अभ्यास और करतब प्रस्तुत करेंगे। आयोजन के लिए विमान लखनऊ, प्रयागराज, गाजियाबाद सहित उत्तर प्रदेश और आसपास के अन्य एयरबेस से संचालित किए जाएंगे।
16 अक्टूबर से नमो घाट रहेगा प्रतिबंधित
मुख्य कार्यक्रम स्थल नमो घाट को 16 अक्टूबर से भारतीय वायुसेना के नियंत्रण में सौंप दिया जाएगा। इस अवधि के दौरान आम लोगों का प्रवेश पूरी तरह बंद रहेगा। यहीं से पूरे आयोजन की निगरानी, प्रसारण और एयर ट्रैफिक समन्वय किया जाएगा। अधिकारियों का अनुमान है कि तीन दिनों में 15 से 25 लाख तक दर्शक कार्यक्रम देखने के लिए वाराणसी पहुंच सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण की विशेष व्यवस्था की जा रही है।
सुरक्षा और यातायात के लिए विशेष इंतजाम
एयर शो के दौरान गंगा में नावों के संचालन पर अस्थायी रोक रहेगी। साथ ही कार्यक्रम के समय राजघाट पुल पर सड़क और रेल यातायात भी निर्धारित अवधि के लिए बंद रखा जाएगा। प्रशासन का कहना है कि यह फैसला सुरक्षा, वीआईपी आवागमन और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के उद्देश्य से लिया गया है। घाटों और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस के साथ अर्द्धसैनिक बल भी तैनात किए जाएंगे, जबकि कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की जाएगी।
बड़ी संख्या में अतिथियों के पहुंचने की संभावना
जिला प्रशासन के अनुसार, तीन दिवसीय आयोजन में 5,000 से अधिक विशिष्ट अतिथि और देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों के शामिल होने की संभावना है। उनके आवास, परिवहन और सुरक्षा के लिए अलग से तैयारियां की जा रही हैं। आयोजन को सफल बनाने के लिए पर्यटन विभाग, स्थानीय प्रशासन और पड़ोसी जिलों चंदौली, गाजीपुर तथा जौनपुर के प्रशासन से भी सहयोग लिया जाएगा, ताकि बड़ी संख्या में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।