PinkBus – बिहार के प्रखंडों तक बढ़ेगी पिंक बस सेवा, शामिल होंगी 50 नई इलेक्ट्रिक बसें
PinkBus – बिहार में महिलाओं की सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य पथ परिवहन निगम पिंक बस सेवा का दायरा अब जिला मुख्यालयों से आगे प्रखंड स्तर तक बढ़ाने की तैयारी कर रहा है। योजना के पहले चरण में 50 नई इलेक्ट्रिक पिंक बसों का संचालन शुरू किया जाएगा। इस पहल का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों की कामकाजी महिलाओं और पढ़ाई के लिए प्रतिदिन जिला मुख्यालय आने-जाने वाली छात्राओं को सुरक्षित सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराना है।

प्रखंडों को जिला मुख्यालय से जोड़ने की योजना
निगम के अनुसार, नई व्यवस्था के तहत चयनित प्रखंडों को संबंधित जिला मुख्यालयों से पिंक इलेक्ट्रिक बसों के माध्यम से जोड़ा जाएगा। फिलहाल इस योजना की तैयारियां जारी हैं और पहले चरण में उन मार्गों को प्राथमिकता दी जाएगी जहां महिला यात्रियों की संख्या अधिक है। योजना के सफल संचालन के बाद इसे चरणबद्ध तरीके से अन्य प्रखंडों तक भी विस्तारित किया जाएगा।
जुलाई के अंत तक शुरू हो सकता है संचालन
अधिकारियों ने बताया कि राज्य में जल्द ही 200 नई इलेक्ट्रिक बसों का परिचालन शुरू करने की योजना है। इनमें से 50 बसों को विशेष रूप से पिंक बस सेवा के लिए आरक्षित किया जाएगा। इन बसों का संचालन जुलाई के अंत तक शुरू होने की संभावना जताई गई है। पिंक बसों में केवल महिला यात्रियों को यात्रा की सुविधा मिलेगी, जिससे उन्हें अधिक सुरक्षित और सहज माहौल उपलब्ध कराया जा सके।
फिलहाल छह प्रमुख शहरों में चल रही है सेवा
वर्तमान समय में बिहार में 100 पिंक बसों का संचालन किया जा रहा है। यह सेवा पटना के साथ-साथ भागलपुर, मुजफ्फरपुर, गया, पूर्णिया और दरभंगा प्रमंडलों के जिला मुख्यालयों में उपलब्ध है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पटना में 30, मुजफ्फरपुर में 20, गया और दरभंगा में 15-15 तथा भागलपुर और पूर्णिया में 10-10 पिंक बसें संचालित हो रही हैं। अब इसी नेटवर्क को ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने की दिशा में काम किया जा रहा है।
महिला यात्रियों के लिए अतिरिक्त सुविधाएं
पिंक बसों में यात्रा करने वाली महिलाओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विशेष सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। बसों में कम कीमत पर सेनेटरी पैड और गर्भनिरोधक गोलियां उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि यात्रा के दौरान आवश्यकता पड़ने पर महिला यात्रियों को तत्काल सहायता मिल सके। निगम का कहना है कि यह कदम महिलाओं की गरिमा, सुविधा और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को ध्यान में रखकर उठाया जा रहा है।
सुरक्षित सार्वजनिक परिवहन पर विशेष जोर
राज्य पथ परिवहन निगम का मानना है कि प्रखंड स्तर तक पिंक बस सेवा पहुंचने से बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाओं और छात्राओं को सीधा लाभ मिलेगा। सुरक्षित यात्रा के साथ-साथ जिला मुख्यालय तक नियमित आवागमन भी आसान होगा। अधिकारियों के अनुसार, योजना का उद्देश्य महिलाओं के लिए सार्वजनिक परिवहन को अधिक भरोसेमंद, सुलभ और सुविधाजनक बनाना है।