उत्तराखण्ड

Fuel – उत्तराखंड में पेट्रोल-डीजल सप्लाई पर बढ़ा दबाव

Fuel – मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का असर अब भारत के कई राज्यों में ईंधन आपूर्ति पर दिखाई देने लगा है। उत्तराखंड में पेट्रोल और डीजल की सप्लाई को लेकर दबाव बढ़ गया है। तेल कंपनियों ने पेट्रोल पंप संचालकों को उधार में ईंधन देना बंद कर दिया है, जिसके बाद कई छोटे पंपों पर तेल की कमी होने लगी है। अब केवल एडवांस भुगतान के बाद ही पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति की जा रही है।

uttarakhand fuel supply pressure increases news

देहरादून, अल्मोड़ा, बागेश्वर और पिथौरागढ़ समेत कई जिलों में गुरुवार को ईंधन संकट की स्थिति देखने को मिली। कुछ पेट्रोल पंपों पर तेल खत्म होने से वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

छोटे पेट्रोल पंपों पर बढ़ी दिक्कत

पेट्रोल पंप संचालकों का कहना है कि पहले तेल कंपनियां कुछ दिनों का उधार देती थीं, लेकिन अब यह व्यवस्था बंद कर दी गई है। इससे छोटे और निजी पंपों की स्थिति ज्यादा खराब हो गई है।

देहरादून में कई छोटे पंपों के पास केवल एक दिन का स्टॉक बचा है। कुछ जगहों पर शाम तक पेट्रोल खत्म हो गया। किद्दूवाला स्थित एक पंप पर गुरुवार को दोपहर में ही तेल खत्म हो गया, जिसके कारण लोगों को बिना ईंधन लौटना पड़ा।

बड़े पंपों पर भी सीमित स्टॉक

बड़े पेट्रोल पंपों के पास फिलहाल दो से तीन दिन का स्टॉक बताया जा रहा है। पेट्रोल पंप डीलर एसोसिएशन के अनुसार, अब तेल कंपनियां बिना एडवांस भुगतान के सप्लाई नहीं कर रही हैं। इससे पंप संचालकों पर आर्थिक दबाव बढ़ गया है।

डीलरों का कहना है कि यदि यही स्थिति बनी रही तो आने वाले दिनों में ईंधन आपूर्ति और अधिक प्रभावित हो सकती है। खासकर पर्यटन और चारधाम यात्रा के चलते मांग लगातार बढ़ रही है।

चारधाम और पर्यटन सीजन से बढ़ी मांग

इन दिनों उत्तराखंड में चारधाम यात्रा और पर्यटन सीजन चरम पर है। नैनीताल, मसूरी, ऋषिकेश और अन्य पर्यटन स्थलों पर बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं। इसके चलते पेट्रोल और डीजल की खपत सामान्य दिनों की तुलना में काफी बढ़ गई है।

पंप संचालकों का कहना है कि सप्ताहांत में स्थिति और गंभीर हो सकती है, क्योंकि पर्यटकों की संख्या बढ़ने पर ईंधन की मांग अचानक बढ़ जाती है।

कुमाऊं और गढ़वाल में भी असर

कुमाऊं मंडल के कई जिलों में भी सप्लाई प्रभावित होने लगी है। हल्द्वानी के पेट्रोल पंपों पर सामान्य मांग की तुलना में कम तेल मिल रहा है। कुछ पंपों पर शाम तक स्टॉक खत्म होने की जानकारी सामने आई है।

अल्मोड़ा में कई पेट्रोल पंपों पर गुरुवार शाम तक ईंधन समाप्त हो गया। बागेश्वर में भी दो पंपों पर पेट्रोल खत्म होने की सूचना मिली। वहीं गढ़वाल क्षेत्र में पंप संचालकों ने बताया कि अब हर सप्लाई के लिए पहले भुगतान करना पड़ रहा है।

सरकार और विभाग की निगरानी जारी

खाद्य एवं आपूर्ति विभाग का कहना है कि राज्य में कुल मिलाकर पर्याप्त पेट्रोल पंप मौजूद हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, कुछ स्थानों पर अस्थायी समस्या आई है, लेकिन व्यापक स्तर पर संकट जैसी स्थिति नहीं है।

तेल कंपनियों का भी कहना है कि मांग के अनुसार सप्लाई जारी है। हालांकि एडवांस भुगतान व्यवस्था लागू रहने से कई पंप संचालकों को परेशानी हो रही है।

इलेक्ट्रिक और सीएनजी वाहनों पर जोर

ईंधन संकट की आशंका के बीच परिवहन विभाग अब वैकल्पिक ईंधन की दिशा में भी कदम बढ़ा रहा है। राज्य में एलपीजी ऑटो को सीएनजी में बदलने की तैयारी शुरू की गई है।

साथ ही कई सरकारी विभागों में इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जा रहा है। लोक निर्माण विभाग ने भी अधिकारियों को कार पूलिंग और इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग के निर्देश दिए हैं।

Back to top button

Adblock Detected

Please remove AdBlocker first, and then watch everything easily.