Temple Theft – राममंदिर चढ़ावा मामले में दो आरोपियों की पुलिस रिमांड मंजूर
Temple Theft – अयोध्या के राममंदिर चढ़ावा चोरी मामले में जांच को आगे बढ़ाते हुए अदालत ने दो प्रमुख आरोपियों रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू और सुभाष श्रीवास्तव की पुलिस कस्टडी रिमांड मंजूर कर ली है। विशेष न्यायाधीश (भ्रष्टाचार निवारण) की अदालत ने दोनों आरोपियों को 14 घंटे के लिए पुलिस हिरासत में देने का आदेश दिया है। जांच एजेंसी इस दौरान चोरी से जुड़े तथ्यों की पुष्टि करने, नकदी और अन्य सामान की बरामदगी तथा पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने का प्रयास करेगी।

निर्धारित समय तक रहेगी पुलिस हिरासत
अदालत के आदेश के मुताबिक, दोनों आरोपी 15 जुलाई को सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक पुलिस की निगरानी में रहेंगे। इस अवधि में विवेचक आवश्यकतानुसार उन्हें विभिन्न स्थानों पर ले जाकर पूछताछ कर सकेंगे और यदि जरूरत पड़ी तो बरामदगी की कार्रवाई भी करेंगे। इससे पहले विवेचना अधिकारी एवं क्षेत्राधिकारी अयोध्या आशुतोष तिवारी ने अदालत से सात दिन की पुलिस रिमांड की मांग की थी।
अदालत में दोनों पक्षों ने रखे तर्क
रिमांड याचिका पर सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत को बताया कि चोरी गई नकदी और अन्य मूल्यवान वस्तुओं की बरामदगी के लिए आरोपियों से पुलिस हिरासत में पूछताछ आवश्यक है। वहीं बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता कुलशेखर सिंह ने अपना पक्ष रखा। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश रजत वर्मा ने सीमित अवधि की पुलिस कस्टडी रिमांड मंजूर कर दी।
कई अहम पहलुओं पर होगी पूछताछ
जांच से जुड़े अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ के दौरान रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू से उसकी भूमिका, आर्थिक गतिविधियों और मामले से जुड़े अन्य तथ्यों के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी। वहीं, सुभाष श्रीवास्तव से मंदिर से जुड़े प्रशासनिक कार्यों, कर्मचारियों की नियुक्ति और सुरक्षा व्यवस्था से संबंधित सवाल पूछे जा सकते हैं। पुलिस यह भी जानने का प्रयास करेगी कि घटना के दौरान सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था में कहीं कोई चूक तो नहीं हुई।
पहले भी हुई हैं कई गिरफ्तारियां
इस मामले में पहले गिरफ्तार किए गए आरोपी अविनाश शुक्ला के पास से बड़ी मात्रा में नकदी, विदेशी मुद्रा, सोना और चांदी बरामद होने की जानकारी जांच एजेंसियां पहले ही अदालत के समक्ष रख चुकी हैं। इसके अलावा अन्य आरोपियों से भी अलग-अलग चरणों में पूछताछ की जा चुकी है। जांच के दौरान कथित तौर पर धन के बंटवारे और उससे जुड़े स्थानों की भी जानकारी पुलिस को मिली थी।
जांच की अगली दिशा पर नजर
जांच एजेंसियों का मानना है कि दोनों आरोपियों से होने वाली पूछताछ मामले के कई महत्वपूर्ण पहलुओं पर नई जानकारी उपलब्ध करा सकती है। पुलिस फिलहाल उपलब्ध साक्ष्यों, बरामद सामग्री और आरोपियों के बयानों के आधार पर पूरे प्रकरण की जांच आगे बढ़ा रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।