FuelPrice – पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर, कच्चे तेल की तेजी पर बनी निगाह
FuelPrice- शनिवार को देशभर में पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया। तेल विपणन कंपनियों ने ईंधन की दरें पहले की तरह ही बरकरार रखी हैं। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में फिर तेजी देखने को मिली है। इस सप्ताह क्रूड ऑयल 85 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर गया, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में हलचल बढ़ी है। इसके बावजूद फिलहाल भारतीय उपभोक्ताओं के लिए ईंधन की कीमतों में किसी नई बढ़ोतरी की घोषणा नहीं हुई है।

प्रमुख शहरों में पेट्रोल के ताजा भाव
देश के विभिन्न शहरों में पेट्रोल की कीमतें पहले की तरह लागू हैं। नई दिल्ली में पेट्रोल 102.12 रुपये प्रति लीटर, मुंबई में 111.18 रुपये, कोलकाता में 113.50 रुपये और चेन्नई में 108.96 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। इसके अलावा गुरुग्राम में 102.97 रुपये, नोएडा और लखनऊ में 101.89 रुपये, जयपुर में 113.61 रुपये, पटना में 113.37 रुपये, हैदराबाद में 117.07 रुपये, बेंगलुरु में 111.68 रुपये, भुवनेश्वर में 108.97 रुपये, चंडीगढ़ में 101.54 रुपये और तिरुवनंतपुरम में 115.49 रुपये प्रति लीटर की दर लागू है।
डीजल की कीमतों में भी नहीं हुआ बदलाव
डीजल के दाम भी यथावत बने हुए हैं। नई दिल्ली में इसकी कीमत 95.20 रुपये प्रति लीटर है, जबकि मुंबई में 97.83 रुपये, कोलकाता में 99.82 रुपये और चेन्नई में 100.74 रुपये प्रति लीटर है। गुरुग्राम में डीजल 95.64 रुपये, नोएडा में 95.37 रुपये, लखनऊ में 95.36 रुपये, जयपुर में 98.63 रुपये, पटना में 99.36 रुपये, हैदराबाद में 105.22 रुपये, बेंगलुरु में 99.56 रुपये, भुवनेश्वर में 100.68 रुपये, चंडीगढ़ में 89.47 रुपये तथा तिरुवनंतपुरम में 104.40 रुपये प्रति लीटर के भाव पर उपलब्ध है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ा कच्चे तेल का दबाव
वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव के कारण कच्चे तेल की कीमतों में तेजी दर्ज की जा रही है। बाजार विश्लेषकों के अनुसार, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर दिखाई दे रहा है। इससे पहले भी क्षेत्रीय परिस्थितियों के कारण क्रूड ऑयल 110 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गया था। बाद में हालात सामान्य होने पर कीमतें घटकर लगभग 70 डॉलर प्रति बैरल तक आ गई थीं। अब फिर से बढ़ती कीमतों ने आयात करने वाले देशों की चिंता बढ़ा दी है।
पहले भी बढ़ चुकी हैं ईंधन की कीमतें
मई महीने के दौरान तेल विपणन कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में चार चरणों में बढ़ोतरी की थी। 15 से 30 मई के बीच हुई इस वृद्धि के बाद दोनों ईंधनों की कीमतों में कुल मिलाकर लगभग 7.5 रुपये प्रति लीटर का इजाफा हुआ था। उस समय भी अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती लागत को इसकी प्रमुख वजह माना गया था।
आगे क्या रह सकती है स्थिति
ऊर्जा क्षेत्र के जानकारों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लगातार ऊंचे स्तर पर बनी रहती हैं और वैश्विक आपूर्ति से जुड़ी चुनौतियां कम नहीं होतीं, तो भविष्य में ईंधन की कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है। फिलहाल तेल कंपनियों या सरकार की ओर से पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव को लेकर कोई नई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।