BloodPressure – हाई और लो बीपी को लेकर योग विशेषज्ञ ने बताए आसान घरेलू उपाय
BloodPressure– बदलती जीवनशैली, बढ़ते काम के दबाव और अनियमित दिनचर्या के कारण आज बड़ी संख्या में लोग रक्तचाप से जुड़ी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। कुछ लोगों में हाई ब्लड प्रेशर की परेशानी देखने को मिलती है, जबकि कई लोग लो ब्लड प्रेशर के कारण कमजोरी और चक्कर जैसी दिक्कतों से जूझते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि दवाओं के साथ-साथ संतुलित जीवनशैली, योग और कुछ प्राकृतिक उपाय भी रक्तचाप को नियंत्रित रखने में सहायक हो सकते हैं। योग विशेषज्ञ कृतिका अग्रवाल ने सोशल मीडिया के माध्यम से हाई और लो बीपी से जुड़े कुछ उपयोगी सुझाव साझा किए हैं।

हाई ब्लड प्रेशर में किन बातों का रखें ध्यान
योग विशेषज्ञ के अनुसार हाई बीपी वाले लोगों में अक्सर चिड़चिड़ापन, तेज धड़कन, अधिक पसीना आना, सांस फूलना और कुछ मामलों में नाक से रक्तस्राव जैसी समस्याएं भी देखी जा सकती हैं। ऐसे लोगों को अपनी दिनचर्या में कुछ सरल आदतें शामिल करने की सलाह दी जाती है।
मेथी और अर्जुन की छाल को बताया उपयोगी
विशेषज्ञ का कहना है कि रात में लगभग तीन ग्राम मेथी के दानों को पानी में भिगोकर सुबह अच्छी तरह चबाकर खाने से लाभ मिल सकता है। इसके अलावा अर्जुन की छाल का काढ़ा भी पारंपरिक रूप से हृदय स्वास्थ्य के लिए उपयोगी माना जाता है। हालांकि किसी भी घरेलू उपाय को नियमित रूप से अपनाने से पहले चिकित्सकीय सलाह लेना उचित रहेगा।
प्राणायाम से मिल सकती है मानसिक शांति
हाई बीपी की स्थिति में चंद्रभेदी प्राणायाम करने की सलाह दी गई है। इस अभ्यास में दाहिनी नासिका बंद करके बाईं नासिका से सांस ली और छोड़ी जाती है। विशेषज्ञ के अनुसार भोजन के लगभग एक घंटे बाद इसका अभ्यास किया जा सकता है। यदि तनाव या गुस्सा महसूस हो रहा हो, तब भी यह प्राणायाम मन को शांत करने में सहायक माना जाता है। रात में सोने से पहले भ्रामरी प्राणायाम करने की भी सलाह दी गई है, जिसमें कान बंद कर ‘हम्म’ की ध्वनि के साथ श्वास छोड़ने का अभ्यास किया जाता है। इसके साथ संतुलित भोजन और तनावमुक्त रहने पर भी जोर दिया गया है।
लो ब्लड प्रेशर वालों के लिए सुझाव
लो बीपी से प्रभावित लोगों को अक्सर कमजोरी, चक्कर, सिरदर्द और हाथ-पैर ठंडे पड़ने जैसी समस्याएं महसूस हो सकती हैं। विशेषज्ञ के अनुसार ऐसे लोगों के लिए पर्याप्त तरल पदार्थ का सेवन लाभदायक हो सकता है। नींबू पानी पीना कई लोगों को राहत दे सकता है। जरूरत और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार ब्लैक टी या ब्लैक कॉफी का सीमित मात्रा में सेवन भी किया जा सकता है।
पैरों की स्थिति और सूर्यभेदी प्राणायाम
योग विशेषज्ञ ने सलाह दी है कि दिन में कुछ समय या रात को सोने से पहले पैरों को दीवार के सहारे ऊपर उठाकर रखने का अभ्यास किया जा सकता है। उनका कहना है कि इससे शरीर में रक्त संचार बेहतर होने में मदद मिल सकती है। इसके अलावा सूर्यभेदी प्राणायाम, जिसमें बाईं नासिका बंद करके दाहिनी ओर से श्वास ली और छोड़ी जाती है, भी लाभकारी माना गया है।
तुलसी के रस का भी किया उल्लेख
विशेषज्ञ ने लो बीपी की स्थिति में दिन में एक बार तुलसी के पत्तों का रस लेने का सुझाव भी दिया है। हालांकि उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यदि रक्तचाप की समस्या लगातार बनी रहती है या लक्षण गंभीर हों तो केवल घरेलू उपायों पर निर्भर रहने के बजाय चिकित्सक से परामर्श लेना आवश्यक है। नियमित जांच, संतुलित आहार, पर्याप्त पानी, योग और स्वस्थ दिनचर्या रक्तचाप को नियंत्रित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।