ODIRecords – 5000वें वनडे मैच के साथ क्रिकेट में दर्ज हुआ ऐतिहासिक पड़ाव…
ODIRecords – वनडे क्रिकेट ने शुक्रवार, 7 अगस्त को अपने इतिहास में एक बड़ा पड़ाव पार किया, जब स्कॉटलैंड और कनाडा के बीच खेला गया मुकाबला इस प्रारूप का 5000वां मैच बना। क्रिकेट के इतिहास में यह उपलब्धि अपने आप में खास है, क्योंकि वनडे ने टेस्ट और टी20 दोनों प्रारूपों की तुलना में अब तक सबसे ज्यादा मुकाबले पूरे किए हैं। ऐतिहासिक मुकाबले में स्कॉटलैंड ने कनाडा को 9 रन से हराकर इस यादगार मैच को अपने नाम किया। मैच के नतीजे से ज्यादा चर्चा इस बात की रही कि यह मुकाबला वनडे क्रिकेट के लंबे सफर में 5000वें अध्याय के रूप में दर्ज हो गया।

वनडे ने 5000 मैचों का सफर किया पूरा
वनडे क्रिकेट की लोकप्रियता कई दशकों से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अहम हिस्सा रही है। टेस्ट क्रिकेट सबसे पुराना प्रारूप होने के बावजूद अब तक 2628 मुकाबलों तक पहुंचा है, जबकि अपेक्षाकृत नए टी20 प्रारूप में 4059 मैच खेले जा चुके हैं। वनडे ने इन दोनों के बीच अपनी अलग पहचान कायम की है और 5000 मैचों का आंकड़ा पार करने वाला पहला प्रारूप बन गया है। हालांकि टी20 क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता और लगातार बढ़ते मुकाबलों को देखते हुए आने वाले वर्षों में तस्वीर बदल सकती है।
5000वें मैच में स्कॉटलैंड ने दर्ज की जीत
स्कॉटलैंड और कनाडा के बीच हुए इस मुकाबले को वनडे इतिहास में विशेष स्थान मिल गया। स्कॉटलैंड ने पूरे मुकाबले में कनाडा पर नौ रन की बढ़त बनाए रखी और अंत में जीत हासिल की। ऐतिहासिक मैच का हिस्सा बनने वाली दोनों टीमों के लिए यह मुकाबला इसलिए भी यादगार रहेगा, क्योंकि 5000वें वनडे की आधिकारिक सूची में उनका नाम दर्ज हो गया है। इस उपलब्धि ने वनडे क्रिकेट के अब तक के सफर और इस प्रारूप में अलग-अलग देशों की भागीदारी को भी रेखांकित किया।
सचिन का रिकॉर्ड अब भी सबसे आगे
वनडे क्रिकेट के 5000वें मुकाबले के मौके पर इस प्रारूप के लंबे समय से कायम रिकॉर्ड भी चर्चा में आए। इनमें सचिन तेंदुलकर का सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड सबसे प्रमुख है। भारतीय बल्लेबाज ने अपने वनडे करियर में 18,426 रन बनाए और आज भी इस सूची में शीर्ष पर हैं। सचिन ने अपना आखिरी वनडे मुकाबला 2012 में खेला था, लेकिन उनके संन्यास के करीब डेढ़ दशक बाद भी कोई बल्लेबाज उनके आंकड़े तक नहीं पहुंच सका है।
विराट कोहली 14,941 रनों के साथ सचिन के बाद दूसरे स्थान पर हैं। कोहली अब टेस्ट और टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं और वनडे में ही सक्रिय हैं। उनके भविष्य और 2027 विश्व कप में भागीदारी को लेकर अभी निश्चित तस्वीर नहीं है। ऐसे में सचिन के 18,426 रन के आंकड़े को पार करना उनके लिए भी आसान चुनौती नहीं होगी।
कई पुराने रिकॉर्ड लंबे समय तक रहे कायम
वनडे क्रिकेट के इतिहास में ऐसे कई रिकॉर्ड रहे हैं, जिन पर लंबे समय तक किसी खिलाड़ी या टीम का दबदबा रहा। सबसे ज्यादा टीम स्कोर के रिकॉर्ड पर श्रीलंका का दबदबा करीब 3710 दिन तक रहा। व्यक्तिगत सर्वोच्च स्कोर के मामले में विव रिचर्ड्स का रिकॉर्ड 4738 दिन तक कायम रहा। चमिंडा वास के सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी प्रदर्शन का रिकॉर्ड 25 वर्षों तक चर्चा में रहा, जबकि मुथैया मुरलीधरन सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज के रूप में 17 साल तक शीर्ष पर रहे।
सचिन तेंदुलकर के सबसे ज्यादा रन के रिकॉर्ड ने करीब 26 वर्षों तक अपना स्थान बनाए रखा है। सबसे तेज शतक के रिकॉर्ड पर शाहिद अफरीदी का नाम 6298 दिन तक रहा, जबकि सबसे तेज अर्धशतक का रिकॉर्ड सनथ जयसूर्या के नाम 6860 दिन तक रहा। सचिन ने सबसे ज्यादा शतक के रिकॉर्ड पर 9171 दिन तक राज किया, वहीं वकार यूनिस सबसे ज्यादा पांच विकेट लेने के मामले में 33 वर्षों तक रिकॉर्डधारी रहे। इन आंकड़ों से पता चलता है कि वनडे क्रिकेट का इतिहास केवल मैचों की संख्या से नहीं, बल्कि लंबे समय तक कायम रहने वाले व्यक्तिगत और टीम रिकॉर्ड से भी समृद्ध रहा है।