INDvsSLTest – भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज से पहले कप्तानों के रिकॉर्ड पर नजर
INDvsSLTest – भारत और श्रीलंका के बीच दो टेस्ट मैचों की श्रृंखला 15 अगस्त से शुरू होने जा रही है। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल की दौड़ में बने रहने के लिहाज से भारतीय टीम के लिए यह सीरीज काफी महत्वपूर्ण है। शुभमन गिल पहली बार श्रीलंकाई धरती पर टेस्ट टीम की कप्तानी करते नजर आएंगे। श्रीलंका की परिस्थितियां भारतीय उपमहाद्वीप की पिचों से काफी मिलती-जुलती हैं, ऐसे में मेजबान टीम स्पिन गेंदबाजों के सहारे भारतीय बल्लेबाजों के सामने चुनौती खड़ी कर सकती है। सीरीज शुरू होने से पहले भारत और श्रीलंका के टेस्ट मुकाबलों में कप्तानी कर चुके खिलाड़ियों के जीत के आंकड़ों पर नजर डालना भी दिलचस्प है।

विराट कोहली का श्रीलंका के खिलाफ सबसे बेहतर रिकॉर्ड
श्रीलंका के विरुद्ध भारतीय कप्तानों के प्रदर्शन की बात करें तो विराट कोहली सबसे ऊपर हैं। कोहली ने इस टीम के खिलाफ नौ टेस्ट मुकाबलों में भारत की कप्तानी की। उनकी अगुवाई में भारतीय टीम ने छह मैच जीते, जबकि सिर्फ एक मुकाबले में उसे हार का सामना करना पड़ा। इस तरह श्रीलंका के खिलाफ विराट का जीत प्रतिशत 66.7 रहा, जो सूची में शामिल कप्तानों में सबसे अधिक है।
कोहली की कप्तानी में भारतीय टीम ने टेस्ट क्रिकेट में आक्रामक और मजबूत खेल दिखाया था। श्रीलंका के खिलाफ भी उनके नेतृत्व में टीम ने कई मुकाबलों में अपना दबदबा कायम रखा। यही वजह है कि इस पड़ोसी देश के खिलाफ कप्तानी रिकॉर्ड के मामले में उनका नाम सबसे ऊपर आता है।
अजहरुद्दीन ने भी श्रीलंका के खिलाफ नहीं गंवाया मैच
मोहम्मद अजहरुद्दीन इस सूची में दूसरे स्थान पर हैं। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ कुल आठ टेस्ट मैचों में भारतीय टीम की कप्तानी की। इन मुकाबलों में भारत को पांच जीत मिलीं और टीम को एक भी हार का सामना नहीं करना पड़ा। उनके नेतृत्व में श्रीलंका के खिलाफ जीत का प्रतिशत 62.5 रहा।
अजहरुद्दीन के रिकॉर्ड की खास बात यह है कि आठ मुकाबलों की कप्तानी के दौरान भारतीय टीम अपराजित रही। कप्तानी के लिहाज से यह उपलब्धि उन्हें भारत के उन चुनिंदा नेताओं में शामिल करती है, जिनका श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट रिकॉर्ड बेहद प्रभावशाली रहा।
धोनी और कपिल देव भी सूची में शामिल
महेंद्र सिंह धोनी इस सूची में तीसरे स्थान पर हैं। उनकी कप्तानी में भारत ने श्रीलंका के खिलाफ छह टेस्ट मुकाबले खेले। इनमें टीम इंडिया ने तीन मैच जीते और एक में हार मिली, जबकि बाकी मुकाबलों के परिणाम अलग रहे। श्रीलंका के खिलाफ धोनी का जीत प्रतिशत 50 रहा।
कपिल देव की कप्तानी में भारत ने श्रीलंका के खिलाफ छह टेस्ट मुकाबले खेले थे। इनमें भारतीय टीम को दो मैचों में जीत मिली और एक मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। उनका जीत प्रतिशत 33.3 रहा। कपिल की कप्तानी का दौर भारतीय टेस्ट क्रिकेट के लिए महत्वपूर्ण रहा और श्रीलंका के खिलाफ भी टीम ने उनके नेतृत्व में जीत दर्ज की।
सचिन तेंदुलकर के नाम अलग तरह की उपलब्धि
श्रीलंका के खिलाफ कम से कम पांच टेस्ट मैचों में कप्तानी करने वाले भारतीय खिलाड़ियों में सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड भी उल्लेखनीय है। उन्होंने पांच टेस्ट में भारत का नेतृत्व किया और इन सभी मुकाबलों का परिणाम ड्रॉ रहा। यानी उनकी कप्तानी में भारत को श्रीलंका के खिलाफ एक भी हार नहीं मिली, हालांकि टीम जीत भी हासिल नहीं कर सकी।
इस तरह अजहरुद्दीन और सचिन तेंदुलकर दो ऐसे भारतीय कप्तान रहे, जिन्होंने श्रीलंका के खिलाफ कम से कम पांच टेस्ट में कप्तानी करने के बावजूद एक भी मुकाबला नहीं गंवाया। अब शुभमन गिल के सामने इस रिकॉर्ड वाली सूची में अपनी अलग पहचान बनाने की चुनौती होगी। उनकी कप्तानी में भारत पहली बार श्रीलंकाई परिस्थितियों में दो टेस्ट मैचों की इस श्रृंखला में उतरेगा।