NEET Protest – दिल्ली में विवादित टिप्पणी के बाद टी.जी. मोहनदास हिरासत में…
NEET Protest – राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक के विरोध में दिल्ली में हुए छात्रों के आंदोलन को लेकर कथित विवादित टिप्पणी के मामले में दक्षिणपंथी राजनीतिक टिप्पणीकार टी.जी. मोहनदास को रविवार को हिरासत में लिया गया। पुलिस के अनुसार, तिरुवनंतपुरम साइबर थाने की जांच टीम स्थानीय पुलिस अधिकारियों के साथ उनके मतनचेरी स्थित घर पहुंची। यह कार्रवाई उस शिकायत की जांच के सिलसिले में की गई, जिसमें उनके यूट्यूब चैनल पर प्रकाशित एक वीडियो की सामग्री को लेकर आपत्ति जताई गई थी।

यूट्यूब वीडियो में प्रदर्शन को लेकर की गई टिप्पणी
पुलिस के मुताबिक, मोहनदास ने अपने यूट्यूब चैनल ‘पत्रिका’ पर प्रकाशित वीडियो में दिल्ली में नीट प्रश्नपत्र लीक के खिलाफ छात्रों के प्रदर्शन को लेकर कई टिप्पणियां की थीं। आरोप है कि वीडियो में उन्होंने प्रदर्शन के दौरान महिलाओं के साथ दुष्कर्म की घटनाएं बढ़ने की आशंका जताई और प्रदर्शन में शामिल लोगों को लेकर आपत्तिजनक बातें कहीं। पुलिस शिकायत में इन कथित टिप्पणियों को सार्वजनिक शांति और सामाजिक व्यवस्था पर असर डालने वाली सामग्री के तौर पर पेश किया गया है।
मामले में पुलिस ने वीडियो की सामग्री और उसमें किए गए दावों को जांच का हिस्सा बनाया है। अधिकारियों के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद संबंधित प्रकरण दर्ज किया गया और अब वीडियो के स्रोत, उसे तैयार करने की प्रक्रिया तथा उसे ऑनलाइन प्रकाशित किए जाने से जुड़े पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। जांच का उद्देश्य कथित बयान के पूरे संदर्भ और उसके संभावित प्रभाव को स्पष्ट करना भी है।
पुलिस टीम ने घर पहुंचकर जुटाई डिजिटल जानकारी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जांच टीम रविवार शाम कुवप्पादम स्थित मोहनदास के घर पहुंची, जहां वह उस समय मौजूद थे। टीम ने उनके यूट्यूब अकाउंट से जुड़ी जानकारी जुटाई और वीडियो बनाने तथा उसे अपलोड करने में इस्तेमाल किए गए डिजिटल उपकरणों के संबंध में भी जानकारी ली। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले की जांच आगे बढ़ने के साथ मोहनदास से विस्तृत पूछताछ की जाएगी।
पुलिस शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वीडियो का उद्देश्य सार्वजनिक शांति भंग करना और लोगों के बीच भय या अशांति की स्थिति पैदा करना था। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस फिलहाल वीडियो की सामग्री और उससे जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है।
प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई को लेकर भी विवादित बयान
शिकायत में मोहनदास की एक अन्य कथित टिप्पणी का भी उल्लेख किया गया है। आरोप है कि उन्होंने कहा था कि यदि उन्हें प्रदर्शन को नियंत्रित करने की जिम्मेदारी दी जाती, तो वह कर्फ्यू लागू करने और प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने का आदेश देते। कथित तौर पर उन्होंने यह भी कहा कि आदेश का पालन नहीं होने पर गोली चलाने का निर्देश दिया जाता।
पुलिस के अनुसार, वीडियो में कथित तौर पर यह दावा भी किया गया था कि ऐसी कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों की मौत या स्थायी रूप से घायल होने की स्थिति पैदा हो सकती है, लेकिन इसके बावजूद कुछ घंटों में स्थिति नियंत्रण में लाई जा सकती थी। इन बयानों को लेकर भी शिकायत में आपत्ति दर्ज कराई गई है। फिलहाल जांच एजेंसियां वीडियो और उससे संबंधित सामग्री का परीक्षण कर रही हैं।
शिकायत के आधार पर आगे बढ़ रही जांच
मामले की जांच तिरुवनंतपुरम साइबर थाने की टीम कर रही है। पुलिस ने डिजिटल सामग्री के साथ-साथ वीडियो में कही गई बातों और उनके संदर्भ को भी जांच में शामिल किया है। आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी। मामले में लगाए गए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।