Conversion – सुपौल में कथित धर्म परिवर्तन की शिकायत पर पुलिस ने शुरू की जांच
Conversion – बिहार के सुपौल जिले में कथित धर्म परिवर्तन कराने के प्रयास की शिकायत सामने आने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। वीरपुर थाना क्षेत्र के बनेलीपट्टी (गीदड़मारी) वार्ड-5 में एक स्थानीय निवासी द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर पुलिस ने चार लोगों से पूछताछ की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि कुछ लोग धार्मिक प्रचार के साथ-साथ प्रलोभन देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित कर रहे थे। फिलहाल पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।

शिकायतकर्ता ने लगाए प्रलोभन देने के आरोप
गीदड़मारी गांव निवासी किशुनदेव राम ने वीरपुर थाने में दिए गए आवेदन में बताया कि सोमवार सुबह उनके घर तीन महिलाएं और एक पुरुष पहुंचे। शिकायत के अनुसार, उन्होंने स्वयं को ईसाई मिशनरी से जुड़ा बताया और ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि परिवार की आर्थिक स्थिति बेहतर होने, बीमारियों से राहत मिलने और अन्य सहायता का भरोसा दिलाया गया। शिकायतकर्ता का कहना है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उन्हें भविष्य में परेशानियों का सामना करने की बात भी कही गई। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
ग्रामीणों ने पुलिस को दी सूचना
घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव के लोगों ने चारों व्यक्तियों को वहीं रोक लिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी को अपने साथ लेकर पूछताछ शुरू की। पूछताछ के दौरान चारों ने अपनी पहचान नेपाल के सप्तरी जिले के निवासी मंगली विश्वकर्मा, हंसा देवी चौधरी, उर्मिला देवी यादव और रमानंद साह के रूप में बताई। उनका कहना था कि वे पिछले तीन वर्षों से प्रभु यीशु के संदेश का प्रचार करते हैं और सीमावर्ती इलाकों में धार्मिक भजन-कीर्तन के कार्यक्रम आयोजित करते रहे हैं।
आरोपों पर चारों लोगों का पक्ष भी सामने आया
पूछताछ के दौरान चारों लोगों ने शिकायतकर्ता के आरोपों से इनकार किया। उनका कहना है कि उन्हें स्वयं शिकायतकर्ता ने धार्मिक भजन-कीर्तन के लिए बुलाया था। उनके अनुसार, कार्यक्रम के दौरान कुछ ग्रामीणों ने आपत्ति जताई और बाद में पुलिस को बुला लिया। दूसरी ओर, हिंदू धर्म रक्षा समिति से जुड़े पदाधिकारियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में कुछ लोग गरीब और जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक सहायता, रोजगार और अन्य सुविधाओं का भरोसा देकर धर्म परिवर्तन के लिए प्रभावित करने का प्रयास करते हैं। हालांकि इन दावों की भी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
जांच पूरी होने के बाद होगी आगे की कार्रवाई
वीरपुर थाना अध्यक्ष संजय कुमार दास ने बताया कि मामले में लिखित शिकायत प्राप्त हुई है और उसी के आधार पर जांच की जा रही है। पुलिस सभी संबंधित पक्षों से पूछताछ कर रही है तथा उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों का परीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जांच में लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो कानून के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और जांच पूरी होने तक संयम बनाए रखने की अपील की है।