AdaniAirline – एयरलाइन कारोबार में उतरने की अटकलों पर अडानी समूह ने दी सफाई
AdaniAirline- अडानी समूह ने उन खबरों को पूरी तरह खारिज कर दिया है जिनमें दावा किया जा रहा था कि कंपनी जल्द ही देश के विमानन क्षेत्र में अपनी एयरलाइन सेवा शुरू करने की तैयारी कर रही है। शुक्रवार को अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड ने स्टॉक एक्सचेंज को भेजे गए आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि समूह की ओर से इस तरह की किसी भी योजना पर न तो विचार किया गया है और न ही कोई प्रस्ताव मौजूद है। कंपनी के इस स्पष्टीकरण के बाद एयरलाइन कारोबार में संभावित एंट्री को लेकर चल रही चर्चाओं पर विराम लग गया है।

कंपनी ने अफवाहों को बताया निराधार
अडानी एंटरप्राइजेज ने अपने बयान में कहा कि हाल के दिनों में कुछ रिपोर्टों में यह दावा किया गया था कि समूह वाणिज्यिक विमानन क्षेत्र में संभावनाएं तलाश रहा है। कंपनी ने इन दावों को तथ्यहीन बताते हुए कहा कि एयरलाइन शुरू करने से संबंधित किसी भी प्रस्ताव पर फिलहाल कोई विचार नहीं किया गया है। कंपनी के अनुसार निवेशकों और बाजार में भ्रम की स्थिति से बचने के लिए यह स्पष्टीकरण जारी किया गया है।
चर्चाओं की शुरुआत कैसे हुई
बीते दिनों कुछ मीडिया रिपोर्टों में कहा गया था कि अडानी समूह ने सरकार के सामने एयरलाइन स्वामित्व से जुड़े कुछ नियमों में बदलाव का मुद्दा उठाया है। मौजूदा व्यवस्था के अनुसार दिल्ली और मुंबई जैसे प्रमुख हवाई अड्डों का संचालन करने वाली इकाइयां किसी अनुसूचित एयरलाइन में 10 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी नहीं रख सकतीं। चूंकि अडानी समूह कई हवाई अड्डों का संचालन करता है, इसलिए इन खबरों के बाद यह अनुमान लगाया जाने लगा कि कंपनी भविष्य में अपनी एयरलाइन शुरू कर सकती है। हालांकि अब कंपनी ने इन सभी अटकलों को स्पष्ट रूप से खारिज कर दिया है।
एयरपोर्ट संचालन में पहले से मजबूत मौजूदगी
अडानी समूह फिलहाल देश के आठ हवाई अड्डों के संचालन और प्रबंधन से जुड़ा हुआ है। इनमें नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की परियोजना भी शामिल है। बुनियादी ढांचे, बंदरगाह, ऊर्जा और रक्षा जैसे कई क्षेत्रों में सक्रिय समूह की विमानन क्षेत्र में मौजूदगी अभी एयरपोर्ट संचालन तक ही सीमित है। कंपनी के ताजा बयान से यह साफ हो गया है कि फिलहाल एयरलाइन सेवा शुरू करने की कोई योजना नहीं है।
इंडिगो प्रमुख ने भी जताई थी चिंता
इस मुद्दे पर देश की प्रमुख एयरलाइन इंडिगो के प्रबंध निदेशक राहुल भाटिया ने भी हाल ही में अपनी राय रखी थी। उन्होंने कहा था कि यदि एयरपोर्ट संचालकों को अपनी एयरलाइन चलाने की अनुमति दी जाती है तो इससे हितों के टकराव की स्थिति पैदा हो सकती है। उनका मानना था कि ऐसी व्यवस्था का असर प्रतिस्पर्धा और अंततः यात्रियों के हितों पर भी पड़ सकता है।
शेयर बाजार में कैसा रहा प्रदर्शन
गुरुवार के कारोबारी सत्र में अडानी एंटरप्राइजेज का शेयर बीएसई पर चार प्रतिशत से अधिक की गिरावट के साथ 3010.45 रुपये पर बंद हुआ। हालांकि लंबी अवधि के प्रदर्शन पर नजर डालें तो इस वर्ष अब तक कंपनी के शेयर में लगभग 30.86 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई है। वहीं पिछले एक वर्ष में शेयर ने करीब 18 प्रतिशत का रिटर्न दिया है। बीते दस वर्षों में कंपनी के शेयरों ने 5424.78 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की है।