MiningStock – विजय केडिया की एंट्री से ईमको एलेकॉन शेयरों में दिखी तेज उड़ान
MiningStock – स्मॉलकैप इंजीनियरिंग कंपनी ईमको एलेकॉन (इंडिया) लिमिटेड के शेयरों में बुधवार को कारोबार शुरू होते ही जोरदार तेजी दर्ज की गई। बीएसई पर कंपनी का शेयर 7 प्रतिशत से अधिक उछलकर 1,905.50 रुपये तक पहुंच गया। बाजार में इस तेजी की बड़ी वजह दिग्गज निवेशक विजय केडिया की कंपनी में हिस्सेदारी बढ़ने की खबर को माना जा रहा है। हाल के कारोबारी रुझानों के अनुसार, पिछले एक महीने में भी कंपनी का शेयर करीब 19 प्रतिशत मजबूत हुआ है।

विजय केडिया की हिस्सेदारी ने बढ़ाया निवेशकों का भरोसा
ताजा शेयरहोल्डिंग आंकड़ों के मुताबिक, विजय केडिया ने अपनी निवेश कंपनी Kedia Securities Private Limited के माध्यम से ईमको एलेकॉन के 83,930 शेयर खरीदे हैं। इसके साथ कंपनी में उनकी हिस्सेदारी लगभग 1.45 प्रतिशत हो गई है। मौजूदा बाजार भाव के आधार पर इस निवेश का अनुमानित मूल्य करीब 16 करोड़ रुपये बैठता है। शेयर में आई तेजी के साथ कंपनी का मार्केट कैप भी 1,090 करोड़ रुपये के स्तर को पार कर गया।
लंबी अवधि में निवेशकों को मिला मजबूत रिटर्न
ईमको एलेकॉन का शेयर बीते कुछ वर्षों में निवेशकों के लिए शानदार प्रदर्शन करने वाले स्मॉलकैप शेयरों में शामिल रहा है। जुलाई 2020 में करीब 287 रुपये पर कारोबार करने वाला यह शेयर अब 1,900 रुपये के ऊपर पहुंच चुका है। इस दौरान इसमें 555 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज हुई है। पिछले पांच वर्षों में शेयर ने 280 प्रतिशत से ज्यादा और चार वर्षों में 410 प्रतिशत से अधिक का रिटर्न दिया है। वहीं, तीन साल की अवधि में भी इसमें लगभग 190 प्रतिशत की तेजी देखने को मिली है। कंपनी का 52 सप्ताह का उच्चतम स्तर 2,548 रुपये जबकि निचला स्तर 1,413.70 रुपये रहा है।
विदेशी निवेशकों ने भी बढ़ाई हिस्सेदारी
कंपनी के नवीनतम शेयरहोल्डिंग पैटर्न से यह भी संकेत मिलता है कि विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) का भरोसा भी ईमको एलेकॉन पर बढ़ा है। जून 2026 तिमाही के अंत तक उनकी हिस्सेदारी बढ़कर 3.25 प्रतिशत हो गई, जबकि मार्च तिमाही में यह 3.10 प्रतिशत थी। दूसरी ओर, प्रमोटर हिस्सेदारी 48.96 प्रतिशत पर स्थिर बनी हुई है। कंपनी में शेष 51.04 प्रतिशत हिस्सेदारी सार्वजनिक निवेशकों के पास है।
कंपनी का कारोबार
ईमको एलेकॉन (इंडिया) लिमिटेड खनन उद्योग के लिए भारी मशीनों के निर्माण और आपूर्ति का काम करती है। कंपनी विशेष रूप से अंडरग्राउंड और ओपन-कास्ट माइंस में इस्तेमाल होने वाले उपकरण तैयार करती है। खनन क्षेत्र में बढ़ती गतिविधियों और मजबूत ऑर्डर बुक के चलते बाजार विश्लेषक इस कंपनी पर निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी को स्वाभाविक मान रहे हैं। हालांकि, किसी भी निवेश से पहले कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और जोखिमों का स्वतंत्र मूल्यांकन करना आवश्यक माना जाता है।