Assembly – मानसून सत्र के बीच एनडीए विधायकों को मुख्यमंत्री की अहम नसीहत
Assembly– बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एनडीए विधायक दल की बैठक में सदस्यों से सदन की कार्यवाही में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि सभी विधायक दोनों पालियों में उपस्थित रहें, सरकार की योजनाओं और नीतियों की जानकारी रखें तथा सदन में उठने वाले मुद्दों पर तथ्यों के आधार पर अपनी बात रखें। बैठक विधानसभा के विस्तारित भवन में आयोजित की गई, जिसमें गठबंधन के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे।

सरकार की उपलब्धियों पर रखा जोर
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में शुरू की गई विकास योजनाओं को आगे बढ़ाना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने शिक्षा, ग्रामीण विकास और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य में बड़ी संख्या में नए डिग्री कॉलेज स्थापित किए गए हैं। साथ ही ग्रामीण विकास कार्यों और पेंशन योजनाओं पर सरकार लगातार संसाधन उपलब्ध करा रही है।
विद्यार्थियों के लिए नई सुविधाओं का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने बताया कि छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए सरकार ने एक विशेष मोबाइल ऐप तैयार किया है। इसके माध्यम से विद्यार्थी किसी भी समय अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जिस पर संबंधित विभाग कार्रवाई करेगा। उन्होंने ‘सहयोग शिविर’ का भी जिक्र करते हुए कहा कि सरकार का प्रयास है कि लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
बांकीपुर उपचुनाव को लेकर दिया संदेश
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने एनडीए विधायकों से बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि विधायक अपने समय में से प्रतिदिन कुछ समय चुनाव प्रचार के लिए निकालें और बूथ स्तर तक पहुंचकर मतदाताओं से संपर्क करें। उनके अनुसार, यह चुनाव गठबंधन के लिए महत्वपूर्ण है और सभी जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।
विधायी जिम्मेदारियों पर भी हुई चर्चा
बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, वरिष्ठ मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने भी विधायकों को उनके विधायी दायित्वों और सदन की कार्यप्रणाली से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। गठबंधन के अन्य सहयोगी दलों के प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार साझा किए और समन्वय के साथ कार्य करने पर जोर दिया।
विधायकों की समस्याएं सुनने का भरोसा
बैठक के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि किसी विधायक को संगठन, क्षेत्र या प्रशासन से संबंधित कोई समस्या है तो वे सीधे उनसे मिल सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, कुछ विधायकों ने अपनी व्यक्तिगत और क्षेत्रीय समस्याओं को उठाने की इच्छा जताई, जिन पर संबंधित मंत्रियों ने अलग से चर्चा कर समाधान का भरोसा दिया। सरकार ने स्पष्ट किया कि जनप्रतिनिधियों की समस्याओं के साथ-साथ जनता से जुड़े मुद्दों के त्वरित समाधान पर भी प्राथमिकता से काम किया जाएगा।