DAHike – असम सरकार ने कर्मचारियों और पेंशनर्स को दी अतिरिक्त राहत
DAHike – महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी को लेकर देशभर के सरकारी कर्मचारियों के बीच चर्चा जारी है। इसी बीच असम सरकार ने अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए राहत भरा फैसला लिया है। राज्य मंत्रिमंडल की पहली बैठक में महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) बढ़ाने को मंजूरी दी गई है। इस निर्णय की जानकारी मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सार्वजनिक रूप से साझा की।

सरकार के इस कदम से राज्य के लाखों कर्मचारियों और सेवानिवृत्त पेंशनर्स को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है, खासकर ऐसे समय में जब दैनिक जरूरतों पर खर्च लगातार बढ़ रहा है।
दो प्रतिशत बढ़ाया गया भत्ता
कैबिनेट के फैसले के अनुसार महंगाई भत्ता और महंगाई राहत की दर 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दी गई है। संशोधित दर का लाभ जून 2026 के वेतन और पेंशन पर लागू होगा, जबकि इसका भुगतान जुलाई महीने में किया जाएगा।
राज्य सरकार का मानना है कि बढ़ती महंगाई के बीच यह अतिरिक्त सहायता कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के आर्थिक बोझ को कुछ हद तक कम करने में मदद करेगी। इससे घरेलू बजट संभालने में भी राहत मिलने की संभावना है।
वेतन आयोग पर भी जारी है काम
असम सरकार पहले ही राज्य के वेतन ढांचे की समीक्षा की दिशा में कदम बढ़ा चुकी है। इसी वर्ष फरवरी में राज्य सरकार ने 8वें असम वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी थी।
इस आयोग की अध्यक्षता पूर्व अतिरिक्त मुख्य सचिव सुभाष चंद्र दास कर रहे हैं। आयोग में अन्य सदस्यों को भी शामिल किया गया है, जो राज्य कर्मचारियों और पेंशनभोगियों से जुड़े विभिन्न पहलुओं की समीक्षा करेंगे।
वित्त विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक आयोग को अपनी सिफारिशें प्रस्तुत करने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है। आयोग की रिपोर्ट आने के बाद वेतन संरचना, भत्तों और अन्य सुविधाओं में बदलाव की संभावनाएं बन सकती हैं।
केंद्रीय कर्मचारियों की निगाहें अगले फैसले पर
जहां असम सरकार ने अपने कर्मचारियों को राहत दी है, वहीं केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को अब वर्ष की दूसरी छमाही के लिए महंगाई भत्ते की घोषणा का इंतजार है।
जनवरी से जून 2026 की अवधि के लिए केंद्र सरकार पहले ही महंगाई भत्ते में 2 प्रतिशत की वृद्धि कर चुकी है। अब जुलाई से दिसंबर की अवधि के लिए नए संशोधन की उम्मीद की जा रही है।
विभिन्न आर्थिक संकेतकों और महंगाई के आंकड़ों को देखते हुए कई विशेषज्ञों का अनुमान है कि अगली बार केंद्रीय कर्मचारियों के DA में लगभग 3 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की जा सकती है। हालांकि अंतिम निर्णय सरकार द्वारा आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।
महंगाई का असर बना हुआ है
हाल के आर्थिक आंकड़े बताते हैं कि खुदरा महंगाई दर में फिर से बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अप्रैल 2026 में खुदरा मुद्रास्फीति 3.48 प्रतिशत तक पहुंच गई, जबकि खाद्य महंगाई 4 प्रतिशत से ऊपर दर्ज की गई।
दूध, सब्जियां, खाद्य सामग्री, ईंधन और बिजली जैसी आवश्यक सेवाओं की बढ़ती लागत का असर आम परिवारों के मासिक बजट पर साफ दिखाई दे रहा है। ऐसे में महंगाई भत्ते में वृद्धि को कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महत्वपूर्ण आर्थिक सहारे के रूप में देखा जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि DA और DR में समय-समय पर होने वाले संशोधन सरकारी कर्मचारियों की क्रय शक्ति बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं।