EducationSystem – छात्र आंदोलन को समय रैना का समर्थन, निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था की उठी मांग
EducationSystem- देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता की मांग को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन को अब कई सार्वजनिक हस्तियों का समर्थन मिल रहा है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में छात्र परीक्षा प्रक्रिया में निष्पक्षता और जवाबदेही की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी बीच स्टैंडअप कॉमेडियन और कंटेंट क्रिएटर समय रैना ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से छात्रों के पक्ष में अपनी राय साझा की है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर संवाद और सकारात्मक समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया।

सोशल मीडिया पोस्ट में क्या कहा
समय रैना ने अपने पोस्ट में लिखा कि अधिकांश छात्र केवल एक बेहतर शिक्षा व्यवस्था और जिम्मेदारी तय होने की उम्मीद रखते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि जिन मुद्दों पर बातचीत से समाधान निकल सकता है, उन्हें इतना लंबा क्यों खींचा जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रतियोगी परीक्षाएं लाखों युवाओं और उनके परिवारों के बेहतर भविष्य का महत्वपूर्ण आधार होती हैं। इसलिए छात्रों की चिंताओं को गंभीरता से सुना जाना चाहिए और समस्या का रचनात्मक समाधान निकाला जाना चाहिए।
कई कलाकार भी जता चुके हैं समर्थन
छात्रों की मांगों को लेकर फिल्म और मनोरंजन जगत की कई हस्तियां भी अपनी प्रतिक्रिया दे चुकी हैं। अभिनेत्री शबाना आजमी, अभिनेता प्रकाश राज और कुनिका सदानंद ने प्रदर्शन में शामिल होकर छात्रों के साथ एकजुटता दिखाई। वहीं सोनू सूद, वीर दास, दीया मिर्जा, सोहा अली खान, अदिति राव हैदरी, रितेश देशमुख, जेनेलिया देशमुख, भूमि पेडनेकर, हुमा कुरैशी, नंदिता दास, आयुष शर्मा, नसीरुद्दीन शाह, ऋतिक रोशन और पटकथा लेखिका सुतापा सिकदर सहित कई अन्य लोगों ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपनी प्रतिक्रियाएं साझा की हैं।
किन मांगों को लेकर जारी है प्रदर्शन
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे इस आंदोलन में शामिल प्रदर्शनकारी शिक्षा व्यवस्था में सुधार और परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शन का केंद्र प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े कथित अनियमितताओं के आरोप हैं। प्रदर्शन में शामिल कुछ संगठनों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि परीक्षा प्रणाली में छात्रों का भरोसा मजबूत करने के लिए प्रभावी और पारदर्शी कदम उठाए जाने चाहिए।
सोनम वांगचुक भी आंदोलन से जुड़े
सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी इस आंदोलन का समर्थन कर चुके हैं। इसी महीने उन्होंने जंतर-मंतर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों के साथ एकजुटता जताई और भूख हड़ताल शुरू की। आंदोलन से जुड़े लोगों का कहना है कि वे शिक्षा व्यवस्था में सुधार और परीक्षा प्रक्रिया को अधिक विश्वसनीय बनाने की मांग को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख रहे हैं। इस बीच छात्र संगठनों का कहना है कि उनकी प्रमुख अपेक्षा यह है कि संबंधित पक्ष उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करे और आवश्यक कदम उठाए।
आंदोलन पर बनी हुई है सार्वजनिक चर्चा
छात्रों के प्रदर्शन को लेकर सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर लगातार चर्चा जारी है। विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोग इस विषय पर अपनी-अपनी राय रख रहे हैं। फिलहाल आंदोलन और उससे जुड़ी मांगों पर सभी की नजर बनी हुई है, जबकि संबंधित संस्थाओं की ओर से समय-समय पर आधिकारिक जानकारी भी जारी की जा रही है।