मनोरंजन

Ramayana – 39 साल पुरानी ‘रामायण’ और नई फिल्म के बजट में दिखा बड़ा अंतर

Ramayana – भारतीय सिनेमा और टेलीविजन की दुनिया में ‘रामायण’ एक ऐसा नाम है, जिसने अलग-अलग दौर में दर्शकों के बीच अपनी खास पहचान बनाई है। इन दिनों नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही रणबीर कपूर अभिनीत फिल्म ‘रामायण’ अपने बड़े बजट और भव्य निर्माण को लेकर लगातार चर्चा में है। दूसरी ओर, रामानंद सागर की 1987 में प्रसारित हुई प्रतिष्ठित टीवी श्रृंखला आज भी अपनी लोकप्रियता और ऐतिहासिक उपलब्धियों के कारण याद की जाती है।

ramayan budget comparison news

1987 की ‘रामायण’ अपने समय का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट

जब वर्ष 1987 में दूरदर्शन पर रामानंद सागर की ‘रामायण’ का प्रसारण शुरू हुआ था, तब इसे भारतीय टेलीविजन के सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में गिना गया। इस धारावाहिक के कुल 78 एपिसोड तैयार किए गए थे और विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इसके निर्माण पर लगभग 7 करोड़ रुपये की लागत आई थी। उस समय के हिसाब से यह राशि काफी बड़ी मानी जाती थी और इस प्रोजेक्ट ने भारतीय टेलीविजन के इतिहास में नया अध्याय जोड़ा।

प्रति एपिसोड लागत और कमाई के आंकड़े

रिपोर्ट्स के मुताबिक, ‘रामायण’ के प्रत्येक एपिसोड के निर्माण पर लगभग 9 लाख रुपये खर्च किए गए थे। वहीं, प्रसारण के दौरान हर एपिसोड से करीब 40 लाख रुपये की आय होने की जानकारी सामने आई थी। पूरे टेलीकास्ट के दौरान इस धारावाहिक ने लगभग 31.4 करोड़ रुपये का कारोबार किया, जो उस दौर में एक उल्लेखनीय उपलब्धि मानी गई।

लोकप्रियता ने बनाए कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड

रामानंद सागर की ‘रामायण’ केवल भारत तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसे दुनिया के 55 देशों में भी प्रसारित किया गया। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, इसकी कुल दर्शक संख्या लगभग 65 करोड़ तक पहुंची थी। वर्ष 2020 में लॉकडाउन के दौरान जब इसका पुनः प्रसारण किया गया, तब एक एपिसोड को करीब 7.7 करोड़ दर्शकों ने देखा, जिसने इसे फिर से चर्चा के केंद्र में ला दिया।

नई फिल्म ‘रामायण’ का बजट चर्चा का विषय

नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही नई ‘रामायण’ का निर्माण बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। विभिन्न रिपोर्ट्स में इस पूरे प्रोजेक्ट का बजट करीब 4000 करोड़ रुपये बताया गया है। हालांकि, निर्माताओं की ओर से आधिकारिक तौर पर इस राशि की पुष्टि नहीं की गई है। फिल्म में आधुनिक तकनीक, बड़े स्तर के Visual Effects (VFX) और अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रोडक्शन स्टैंडर्ड पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

वैश्विक दर्शकों को ध्यान में रखकर हो रहा निर्माण

नई फिल्म का उद्देश्य भारतीय पौराणिक कथा को आधुनिक सिनेमाई तकनीक के साथ वैश्विक दर्शकों तक पहुंचाना बताया जा रहा है। इसी वजह से निर्माण का पैमाना पहले की तुलना में कहीं अधिक बड़ा रखा गया है। जहां रामानंद सागर की ‘रामायण’ ने अपनी सादगी, अभिनय और भावनात्मक प्रस्तुति से दर्शकों का दिल जीता था, वहीं नई फिल्म तकनीकी गुणवत्ता और बड़े विजुअल अनुभव के जरिए अलग पहचान बनाने की कोशिश कर रही है। रिलीज के बाद यह देखना दिलचस्प होगा कि यह फिल्म दर्शकों की उम्मीदों पर किस हद तक खरी उतरती है।

Back to top button

Adblock Detected

Please remove AdBlocker first, and then watch everything easily.