Jharkhand accident: झारखंड की सड़कों पर मौत ने किया तांडव, 5 नौजवानों की साँसें थमीं
Jharkhand accident: झारखंड में सोमवार देर रात से मंगलवार तक हुए तीन भीषण सड़क हादसों ने पूरे राज्य को दहला दिया। अलग-अलग जिलों में हुए इन हादसों में पाँच लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक चार वर्षीय बच्चा गंभीर रूप से घायल है। सभी घटनाओं ने स्थानीय इलाकों में शोक और चिंता का माहौल पैदा कर दिया है।

बोकारो में आमने-सामने की टक्कर, दो की मौके पर मौत
पहला बड़ा हादसा बोकारो जिले के गोमिया थाना क्षेत्र में लालपनिया-गोमिया मुख्य मार्ग पर हुआ। दो मोटरसाइकिलें तेज रफ्तार में आमने-सामने टकरा गईं, जिससे दोनों चालकों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों की पहचान 38 वर्षीय रवि प्रसाद (तूलबुल गांव) और 16 वर्षीय मांसू महली (होसिरनैया गांव) के रूप में हुई है।
मांसू महली की मोटरसाइकिल पर उसके साथ एक चार साल का बच्चा भी था, जो गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत रामगढ़ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। एसडीपीओ बी. एन. सिंह ने बताया कि तेज रफ्तार इस हादसे की मुख्य वजह रही। पुलिस ने दोनों शवों को टेनुघाट अस्पताल भेजा है, जहां बुधवार को पोस्टमॉर्टम होगा।
हजारीबाग में गैस टैंकर ने कुचला, दो युवकों की मौत
दूसरा हादसा हजारीबाग जिले के चौपारण थाना क्षेत्र में बेरना बड़ा चौक के पास हुआ। सड़क किनारे पैदल जा रहे दो युवकों को गैस टैंकर ने तेज रफ्तार में कुचल दिया। मृतकों की पहचान 22 वर्षीय विजय कुमार और अंकित सोनी (दोनों निवासी शुजीझापा गांव) के रूप में हुई है।
दोनों युवक रात के समय घर के लिए कुछ सामान खरीदने निकले थे, लेकिन रास्ते में यह दुर्घटना हो गई। उन्हें तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस हादसे के बाद इलाके में आक्रोश और शोक दोनों देखा गया।
गढ़वा में ट्रैक्टर पलटने से युवक की मौत
तीसरी घटना गढ़वा जिले के बानो गांव में दर्ज की गई। यहाँ 20 वर्षीय सजीत कुमार की ट्रैक्टर पलटने से मौत हो गई। गढ़वा थाना प्रभारी सुनील तिवारी के मुताबिक, सजीत कार्के गांव का निवासी था और रेत की अवैध ढुलाई कर रहा था। ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर पलट गया, जिससे वह नीचे दब गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
तीनों मामलों में जांच जारी
तीनों जिलों की पुलिस टीमों ने मामले की जांच शुरू कर दी है। कहीं तेज रफ्तार तो कहीं अवैध गतिविधि, ये हादसे यह याद दिलाते हैं कि सड़क सुरक्षा अब भी बड़ी चुनौती है। परिवारों पर अचानक टूटे इस दुख ने गांवों में गहरा मातम फैला दिया है।