SmritiMandhana – कप्तानी बदलाव की बहस के बीच एडुल्जी ने दोहराई अपनी मांग
SmritiMandhana– भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तानी को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है। पूर्व कप्तान डायना एडुल्जी ने दोबारा अपनी राय रखते हुए कहा है कि अब टीम में अलग-अलग प्रारूपों के लिए अलग कप्तान नियुक्त करने पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। उनका मानना है कि स्मृति मंधाना को सीमित ओवरों के क्रिकेट में नेतृत्व की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है, जबकि हरमनप्रीत कौर टेस्ट क्रिकेट में कप्तानी जारी रख सकती हैं।

स्प्लिट कैप्टेंसी की वकालत
बेंगलुरु में आयोजित महारानी ट्रॉफी केएससीए टी20 टूर्नामेंट के लॉन्च कार्यक्रम के दौरान एडुल्जी ने कहा कि भारतीय महिला क्रिकेट को नए नेतृत्व मॉडल की जरूरत है। उनके अनुसार, लंबे समय तक एक ही खिलाड़ी पर तीनों प्रारूपों की कप्तानी का भार डालना सही रणनीति नहीं है। उन्होंने सुझाव दिया कि टी20 और वनडे की कमान स्मृति मंधाना को सौंपी जा सकती है, जबकि टेस्ट प्रारूप में हरमनप्रीत कौर की भूमिका बरकरार रखी जा सकती है।
हरमनप्रीत के प्रदर्शन पर जताई चिंता
एडुल्जी का कहना है कि लगातार कप्तानी की जिम्मेदारी निभाने का असर हरमनप्रीत कौर के व्यक्तिगत प्रदर्शन पर भी दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें नेतृत्व के अतिरिक्त दबाव से कुछ राहत मिले, तो वह बल्लेबाज के रूप में अपनी पूरी क्षमता के साथ टीम के लिए योगदान दे सकती हैं। उनके अनुसार, हरमनप्रीत ने पहले ऑलराउंडर के रूप में भी अहम भूमिका निभाई थी, लेकिन समय के साथ उनकी भूमिका सीमित होती गई और अब बल्लेबाजी में भी अपेक्षित निरंतरता नहीं दिख रही है।
विश्व कप के बाद उठे नेतृत्व परिवर्तन के सवाल
हाल ही में संपन्न महिला टी20 विश्व कप 2026 में भारतीय टीम ग्रुप चरण से आगे नहीं बढ़ सकी थी। इस प्रदर्शन के बाद टीम की रणनीति और कप्तानी को लेकर कई सवाल उठे। उसी दौरान एडुल्जी ने पहली बार नेतृत्व परिवर्तन की आवश्यकता पर जोर दिया था। अब उन्होंने फिर स्पष्ट किया है कि टीम को भविष्य की चुनौतियों को देखते हुए नए विचारों और नए नेतृत्व की दिशा में कदम बढ़ाना चाहिए।
चयनकर्ताओं ने फिलहाल बरकरार रखा भरोसा
हालांकि पूर्व कप्तान की इस राय के बावजूद चयनकर्ताओं ने हरमनप्रीत कौर पर अपना भरोसा कायम रखा है। उन्हें आगामी एशियन गेम्स 2026 के लिए भारतीय महिला क्रिकेट टीम का कप्तान बनाया गया है। इससे यह संकेत मिलता है कि फिलहाल टीम प्रबंधन नेतृत्व में किसी बड़े बदलाव के पक्ष में नहीं है। स्मृति मंधाना को भविष्य की संभावित कप्तान के रूप में देखा जाता है, लेकिन अभी तक उन्हें सीमित ओवरों की कप्तानी सौंपने का कोई आधिकारिक फैसला सामने नहीं आया है।
आगे क्या होगा, इस पर रहेंगी नजरें
महिला क्रिकेट में नेतृत्व को लेकर जारी यह चर्चा आने वाले महीनों में और तेज हो सकती है। एशियन गेम्स और अन्य अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में टीम के प्रदर्शन के आधार पर चयनकर्ता भविष्य में कप्तानी को लेकर नए फैसले ले सकते हैं। फिलहाल हरमनप्रीत कौर के नेतृत्व में ही भारतीय टीम अगले बड़े टूर्नामेंट की तैयारी में जुटी हुई है।